गौतमबुद्धनगर: उत्तर प्रदेश गौ सेवा आयोग के माननीय उपाध्यक्ष महेश कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अस्थायी गौ आश्रय स्थलों की जनपद स्तरीय अनुश्रवण एवं मूल्यांकन समिति की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में गौ सेवा आयोग के माननीय सदस्य दीपक गोयल भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान गौशालाओं और अस्थायी गौ आश्रय स्थलों में संरक्षित गौवंश के संरक्षण, पोषण, स्वच्छता, पेयजल और स्वास्थ्य सुविधाओं को और सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया गया।
गौशालाओं की मौजूदा स्थिति की हुई समीक्षा
बैठक में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अरुण कुमार ने माननीय उपाध्यक्ष को जिले की गौशालाओं और अस्थायी गौ आश्रय स्थलों की वर्तमान स्थिति तथा अब तक की प्रगति की विस्तार से जानकारी दी। समीक्षा के दौरान अधिकारियों को पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
माननीय उपाध्यक्ष ने कहा कि गौशालाओं में गौवंश के संरक्षण के साथ स्वच्छता, पोषण, स्वच्छ पेयजल और पर्याप्त चारे की व्यवस्था मजबूत रखी जानी चाहिए।
ततारपुर गौ आश्रय स्थल के लिए विशेष निर्देश
अस्थायी गौ आश्रय स्थल ततारपुर की व्यवस्थाओं को लेकर माननीय उपाध्यक्ष ने खंड विकास अधिकारी को स्वच्छ पेयजल, नियमित साफ-सफाई और अन्य जरूरी सुधार कार्य सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सभी गौशालाओं और गौ आश्रय स्थलों में नर एवं मादा गौवंश को अलग-अलग रखने की व्यवस्था करने को कहा गया।
गौवंश के स्वास्थ्य और पशुआहार पर रहेगा विशेष ध्यान
बैठक में अस्थायी गौ आश्रय केंद्रों में संरक्षित गौवंश के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी पर विशेष जोर दिया गया। पंचायतों को एसएफसी पूलिंग के माध्यम से गौवंश के लिए पशुआहार समेत आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
अधिकारियों से कहा गया कि गौ आश्रय स्थलों के संचालन में आने वाली समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाए। साथ ही गौवंश के स्वास्थ्य की नियमित जांच और बीमार पशुओं के समुचित उपचार की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। शासन और आयोग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप सभी गौ आश्रय स्थलों का संचालन करते हुए व्यवस्थाओं को मजबूत बनाए रखने के निर्देश दिए गए।
निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन कराने का आश्वासन
मुख्य विकास अधिकारी भाल चंद्र त्रिपाठी ने माननीय उपाध्यक्ष को आश्वस्त किया कि बैठक में दिए गए सभी निर्देशों का निर्धारित समय-सीमा में शत-प्रतिशत अनुपालन कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि गौशालाओं और अस्थायी गौ आश्रय स्थलों में गौवंश के बेहतर स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता और पेयजल की व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी।
बैठक में डीसीपी राजेन्द्र कुमार गौतम, प्रभारी जिला विकास अधिकारी एवं परियोजना निदेशक डीआरडीए नेहा सिंह सहित प्राधिकरण, नगर पालिका, नगर पंचायत, पशुपालन विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
प्रेस वार्ता में गौवंश संरक्षण के प्रयासों की दी जानकारी
बैठक से पहले माननीय उपाध्यक्ष महेश कुमार शुक्ल ने पत्रकारों के साथ प्रेस वार्ता भी की। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा गौवंश के संरक्षण, संवर्धन और कल्याण के लिए किए जा रहे विभिन्न कार्यों की जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में गौ आश्रय स्थलों की व्यवस्थाओं को मजबूत करने, निराश्रित गौवंश को सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराने, पर्याप्त चारा-पानी और चिकित्सा सुविधाएं सुनिश्चित करने के साथ उनके स्वास्थ्य और सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। शासन की मंशा के अनुरूप गौवंश संरक्षण से जुड़े कार्यों की नियमित निगरानी की जा रही है और गौ आश्रय स्थलों में उपलब्ध सुविधाओं को लगातार बेहतर बनाने का काम जारी है। उन्होंने पत्रकारों से शासन और आयोग के इन प्रयासों को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने में सहयोग की अपेक्षा की।