खाते से पैसे कटने का फर्जी मैसेज भेजकर ठगी, WhatsApp पर ‘YES’ या ‘NO’ लिखते ही खतरा; ऐसे खाली हो सकते हैं बैंक खाते
नई दिल्ली: साइबर ठग लोगों के बैंक खाते खाली करने के लिए नए-नए तरीके अपना रहे हैं। अब ठगी के लिए खाते से पैसे कटने का फर्जी संदेश भेजकर लोगों में घबराहट पैदा की जा रही है। संदेश में दावा किया जाता है कि खाते से कोई लेनदेन हुआ है और अगर यह आपने नहीं किया तो ‘YES’ या ‘NO’ लिखकर जवाब दें। जल्दबाजी में दिया गया जवाब लोगों को साइबर ठगी के जाल में फंसा सकता है। लखनऊ के एक चार्टर्ड अकाउंटेंट के दो बैंक खातों से 1.70 लाख रुपये की ठगी का मामला भी सामने आया है।
फर्जी बैंक अलर्ट से लोगों को डराने की कोशिश
साइबर अपराधी ऐसे संदेशों के जरिए लोगों की चिंता और जल्दबाजी का फायदा उठाते हैं। खाते से रकम कटने की सूचना मिलते ही कई लोग बिना जांच किए संदेश का जवाब दे देते हैं या उसमें दिए गए निर्देशों का पालन करने लगते हैं। इसी का फायदा उठाकर ठग लोगों को अपने जाल में फंसाने की कोशिश करते हैं।
हैदराबाद पुलिस आयुक्त ने भी किया सतर्क
हैदराबाद के पुलिस आयुक्त वीसी सज्जनार ने इस तरह के संदिग्ध संदेशों को लेकर लोगों को सतर्क किया है। उन्होंने इसे ऑटो-एग्जीक्यूशन फाइल अटैक से जुड़ा खतरा बताया है। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक, अनजान संदेशों पर भरोसा करना और बिना पुष्टि के जवाब देना नुकसानदेह हो सकता है।
कैसे काम करता है ठगी का यह तरीका?
इस तरह की ठगी में सबसे पहले पीड़ित को संदेश भेजकर बताया जाता है कि उसके बैंक खाते से पैसे कट गए हैं। इसके बाद उससे कहा जाता है कि यदि उसने यह लेनदेन नहीं किया है तो ‘NO’ लिखकर जवाब दे। ठग इसी प्रतिक्रिया का फायदा उठाने की कोशिश करते हैं। कुछ मामलों में संदिग्ध संदेश या उससे जुड़ी सामग्री के जरिए हानिकारक कोड सक्रिय होने अथवा डिवाइस तक अनधिकृत पहुंच बनाने का खतरा हो सकता है। इसके बाद बैंकिंग संबंधी जानकारी का दुरुपयोग किया जा सकता है।
हालांकि, केवल किसी संदेश का जवाब देने से हर स्थिति में खाते का बैलेंस शून्य हो जाना तय नहीं है। खतरा संदेश के साथ जुड़े लिंक, फाइल, ऐप या अन्य तकनीकी तरीके पर निर्भर करता है।
WhatsApp पर आए बैंक अलर्ट की ऐसे करें जांच
खाते से पैसे कटने की सूचना की पुष्टि हमेशा बैंक के आधिकारिक मोबाइल ऐप, वेबसाइट या सत्यापित ग्राहक सेवा माध्यम से करें। संदिग्ध व्हाट्सएप संदेश में दिए गए लिंक या फोन नंबर का इस्तेमाल करने से बचें। बैंक से संबंधित वास्तविक लेनदेन की जानकारी के लिए अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आए आधिकारिक संदेशों और बैंक के सुरक्षित माध्यमों पर भरोसा करें।
इन सावधानियों से बच सकते हैं साइबर ठगी से
- अनजान नंबर से आए संदिग्ध संदेशों पर ‘YES’ या ‘NO’ लिखकर जवाब न दें।
- संदेश में दिए गए लिंक पर क्लिक न करें और अनजान फाइल डाउनलोड न करें।
- संदिग्ध नंबर को ब्लॉक और रिपोर्ट करें।
- बैंक खाते से संबंधित जानकारी, पासवर्ड, पिन या ओटीपी किसी के साथ साझा न करें।
- लेनदेन की पुष्टि केवल बैंक के आधिकारिक माध्यमों से करें।
- यदि खाते से अनधिकृत रकम कट जाए तो तुरंत बैंक को सूचित करें और साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।