दिल्ली नाबालिग रेप-मर्डर केस पर प्रियंका गांधी का सरकार पर हमला, बोलीं- महिला सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने को कोई तैयार नहीं
नई दिल्ली: दिल्ली के स्वरूप नगर इलाके में 16 वर्षीय नाबालिग लड़की के कथित सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले ने महिला सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस के मुताबिक, लड़की का शव 13 सितंबर को कुशक रोड के पास एक खेत में मिला था। जांच में सामने आया कि उसके साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया गया और चाकू से हमला कर उसकी हत्या की गई। पुलिस ने मामले में 19 वर्षीय एक युवक और तीन नाबालिगों को पकड़ा है।
इस घटना के बाद कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने देश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि महिला सुरक्षा के लिए जिम्मेदारी लेने को कोई तैयार नहीं है और महिलाओं के विकास को लेकर सिर्फ बातें की जाती हैं। प्रियंका गांधी ने दिल्ली की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि एक 17 वर्षीय बच्ची के साथ क्रूरता की गई और उसकी हत्या कर दी गई। उन्होंने हाल में हुई एक अन्य नाबालिग से जुड़ी घटना का भी उल्लेख किया।
महिला सुरक्षा को लेकर प्रियंका गांधी ने उठाए सवाल
प्रियंका गांधी ने कहा कि देश में महिलाओं के खिलाफ अत्याचार और हिंसा की घटनाएं होती हैं, लेकिन पीड़ित महिलाओं को अपराधियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की उम्मीद नहीं रहती। उन्होंने आरोप लगाया कि कई मामलों में एफआईआर तक दर्ज नहीं होती।
उन्होंने कहा कि समाज और सरकार दोनों महिलाओं को सुरक्षा, स्वतंत्रता और समानता का अधिकार देने में विफल रहे हैं।
खेत में मिला था नाबालिग का शव
पुलिस के मुताबिक, 13 सितंबर की सुबह स्वरूप नगर इलाके के लोगों ने खेत में एक शव पड़े होने की सूचना दी थी। शव की हालत काफी खराब थी और उसकी पहचान करना भी मुश्किल था। बाद में चिकित्सकीय जांच में दुष्कर्म की पुष्टि हुई। जांच के दौरान पता चला कि मृतका 16 वर्षीय लड़की थी।
पुलिस के अनुसार, लड़की के शरीर पर चाकू से कई वार किए गए थे। जांच के आधार पर पुलिस ने हत्या, दुष्कर्म और सबूत मिटाने से जुड़ी धाराओं में मामला दर्ज किया।
50 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे 50 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांचकर्ताओं को घटना के आसपास एक टेंपो की आवाजाही दिखाई दी। अंधेरा होने के कारण शुरुआत में उसका पंजीकरण नंबर साफ नहीं दिखाई दिया।
पुलिस ने अलग-अलग जगहों की सीसीटीवी फुटेज को जोड़कर टेंपो की आवाजाही का रास्ता तलाशा। इसके बाद चालक से पूछताछ की गई। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने चार संदिग्धों को पकड़ा। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों में 19 वर्षीय शिवम गणेश और 16-17 साल की उम्र के तीन नाबालिग शामिल हैं। मामले में दो चाकू और आरोपियों के कपड़े भी बरामद किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, परिचित युवक से मिलने गई थी लड़की
जांचकर्ताओं के मुताबिक, लड़की एक 17 वर्षीय युवक को जानती थी और उससे मिलने गई थी। पुलिस का आरोप है कि इसी दौरान उसके साथ दुष्कर्म किया गया। लड़की द्वारा घटना की जानकारी पुलिस को देने की बात कहने के बाद युवक ने अपने अन्य साथियों को बुलाया।
पुलिस के अनुसार, इसके बाद तीन अन्य युवकों ने भी उसके साथ दुष्कर्म किया। जांचकर्ताओं का कहना है कि घटना के बाद लड़की को खेत की ओर ले जाया गया, जहां उस पर चाकू से हमला किया गया और शव को छिपाने की कोशिश की गई। मामले में आरोपियों की भूमिका और घटनाक्रम की जांच अभी जारी है।
परिजनों ने दर्ज नहीं कराई थी गुमशुदगी की रिपोर्ट
पुलिस के अनुसार, लड़की के परिजनों ने उसके लापता होने की रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई थी। परिवार का कहना था कि वह पहले भी कुछ दिनों के लिए घर से बाहर चली जाती थी और वापस लौट आती थी।
पुलिस ने स्थानीय लोगों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से मृतका की पहचान की। जांच एजेंसियां अब घटना में शामिल सभी लोगों की भूमिका और उपलब्ध फोरेंसिक साक्ष्यों की जांच कर रही हैं।
BNS और POCSO एक्ट के तहत मामला दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो कानून की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि बरामद साक्ष्यों को फोरेंसिक जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।