गौतमबुद्धनगर: जिले में लंबित मामलों के त्वरित समाधान के लिए 14 मार्च 2026 को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। यह आयोजन जनपद के मुख्यालय के साथ-साथ तहसील स्तर पर भी किया जाएगा, जहां विभिन्न श्रेणियों के मामलों को आपसी समझौते के आधार पर निपटाने का प्रयास किया जाएगा।
यह जानकारी देते हुए अपर जिला जज-II एवं विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) तथा राष्ट्रीय लोक अदालत के नोडल अधिकारी सोमप्रभा मिश्रा ने बताया कि यह आयोजन उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और जनपद न्यायाधीश गौतम बुद्ध नगर अतुल श्रीवास्तव के निर्देशों के अनुपालन में किया जा रहा है।
इन मामलों का किया जाएगा निस्तारण
राष्ट्रीय लोक अदालत के दौरान विशेष रूप से आपराधिक शमनीय वाद, पारिवारिक विवाद, मोटरयान दुर्घटना अधिनियम से जुड़े मामले, बिजली और पानी से संबंधित विवाद, धारा 138 एनआई एक्ट के वाद, भू-राजस्व से जुड़े मामले तथा सेवा संबंधी प्रकरणों का निस्तारण किया जाएगा। इसके अलावा प्री-लिटिगेशन मामलों को भी आपसी सहमति के आधार पर सुलझाने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
आपसी समझौते से सुलझेंगे विवाद
अधिकारियों के अनुसार जिन मामलों में दोनों पक्ष आपसी सहमति और सद्भावना के आधार पर समझौता करने के इच्छुक होंगे, ऐसे सभी विवाद राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से निपटाए जाएंगे। इसका उद्देश्य लोगों को त्वरित, सुलभ और कम खर्च में न्याय उपलब्ध कराना है।
लंबित मामलों के तेजी से निपटारे पर जोर
राष्ट्रीय लोक अदालत को न्यायिक व्यवस्था में लंबित मामलों के बोझ को कम करने की दिशा में एक प्रभावी कदम माना जाता है। इस मंच के माध्यम से ऐसे मामलों को प्राथमिकता दी जाती है, जिन्हें आपसी समझौते के जरिए जल्दी सुलझाया जा सकता है।