काराकास: दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचा दी है। कुछ ही सेकंड के अंतराल पर महसूस किए गए 7.1 और 7.5 तीव्रता के झटकों से राजधानी काराकास समेत कई इलाकों में अफरा-तफरी मच गई। कई इमारतें ढह गईं, जबकि दर्जनों भवनों में गंभीर दरारें आने की खबर है। हालात को देखते हुए राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया गया है।
भूकंप का केंद्र मोंटाल्बन क्षेत्र से करीब 25 किलोमीटर दूर बताया जा रहा है। स्थानीय समयानुसार शाम 6 बजकर 4 मिनट पर पहला झटका महसूस किया गया, जिसके कुछ ही क्षण बाद दूसरा और अधिक शक्तिशाली झटका आया। झटके इतने तेज थे कि लोग घरों, दफ्तरों और बाजारों से निकलकर सड़कों पर आ गए।
राजधानी काराकास में सबसे ज्यादा असर
भूकंप का सबसे अधिक प्रभाव राजधानी काराकास में देखने को मिला। कई बहुमंजिला इमारतों को नुकसान पहुंचा है। अल्तामीरा इलाके में एक 22 मंजिला इमारत के पूरी तरह ढहने की खबर सामने आई है। कई इलाकों में मलबे के नीचे लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है।
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो और तस्वीरों में सड़कों पर बिखरा मलबा, क्षतिग्रस्त इमारतें और दहशत में भागते लोग दिखाई दे रहे हैं। स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
हजारों मौतों की आशंका, बचाव अभियान जारी
हालांकि मृतकों और घायलों की आधिकारिक संख्या अभी जारी नहीं की गई है, लेकिन प्रारंभिक आकलनों में बड़े पैमाने पर जनहानि की आशंका व्यक्त की जा रही है। आपातकालीन सेवाओं की टीमें लगातार मलबा हटाकर लोगों को सुरक्षित निकालने में जुटी हैं।
काराकास के चाकाओ क्षेत्र में सैकड़ों राहतकर्मी बचाव अभियान चला रहे हैं। शुरुआती जानकारी के अनुसार कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया है, जबकि बड़ी संख्या में लोगों की तलाश अभी भी जारी है।
पहले जारी हुआ सुनामी अलर्ट, बाद में हटाया गया
भूकंप के बाद समुद्री तटवर्ती क्षेत्रों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की गई थी। हालांकि बाद में स्थिति का पुनर्मूल्यांकन करने के बाद सुनामी अलर्ट वापस ले लिया गया। इसके बावजूद प्रशासन ने तटीय इलाकों में सतर्कता बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
आफ्टरशॉक का खतरा बरकरार
वेनेजुएला सरकार ने लोगों से क्षतिग्रस्त इमारतों में वापस न लौटने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि भूकंप के बाद छोटे और मध्यम तीव्रता के झटके आने की संभावना बनी हुई है, जिससे पहले से कमजोर इमारतों को और नुकसान पहुंच सकता है।
गृह मंत्रालय ने नागरिकों से खुले स्थानों पर रहने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की है। कई स्कूल, सरकारी कार्यालय और सार्वजनिक भवन एहतियातन बंद कर दिए गए हैं।
1967 के बाद सबसे बड़े भूकंप की चर्चा
विशेषज्ञों का मानना है कि यह वेनेजुएला में पिछले कई दशकों के सबसे शक्तिशाली भूकंपों में से एक हो सकता है। वर्ष 1967 में आए विनाशकारी भूकंप में 200 से अधिक लोगों की मौत हुई थी और हजारों लोग घायल हुए थे। मौजूदा भूकंप को उससे भी अधिक गंभीर माना जा रहा है।
जापान में भी डोली धरती
वेनेजुएला के भूकंप के बीच जापान में भी 6.9 तीव्रता के भूकंप के झटके महसूस किए गए। हालांकि वहां से अब तक किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं मिली है और स्थिति सामान्य बताई जा रही है।