9 साल बाद श्रीलंका में टेस्ट सीरीज खेलेगा भारत, विराट कोहली के ऐतिहासिक क्लीन स्वीप के बाद अब शुभमन गिल के सामने बड़ी चुनौती
नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम करीब नौ साल बाद श्रीलंका की सरजमीं पर टेस्ट सीरीज खेलने उतरेगी। अगस्त 2026 में खेली जाने वाली दो मैचों की यह टेस्ट सीरीज वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) 2025-27 का अहम हिस्सा होगी। शुभमन गिल की कप्तानी में टीम इंडिया का लक्ष्य जहां जीत के साथ अंक तालिका में मजबूत स्थिति हासिल करना होगा, वहीं श्रीलंका अपनी घरेलू परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाने की कोशिश करेगा।
15 अगस्त से शुरू होगी टेस्ट सीरीज
भारत और श्रीलंका के बीच पहला टेस्ट मुकाबला 15 से 19 अगस्त तक गॉल में खेला जाएगा। इसके बाद दूसरा और अंतिम टेस्ट 23 से 27 अगस्त के बीच कोलंबो में आयोजित होगा। दोनों मुकाबलों के नतीजे वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की अंक तालिका पर सीधा असर डालेंगे। मौजूदा समय में भारत पांचवें और श्रीलंका छठे स्थान पर है, ऐसे में दोनों टीमों के लिए यह सीरीज बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
शुभमन गिल की कप्तानी की होगी बड़ी परीक्षा
शुभमन गिल पहली बार श्रीलंका में टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम की अगुआई करेंगे। उनके नेतृत्व में भारत ने इंग्लैंड में 2-2 से टेस्ट सीरीज ड्रॉ की, घरेलू मैदान पर वेस्टइंडीज को 2-0 से हराया, जबकि दक्षिण अफ्रीका में 0-2 से हार का सामना किया। अब स्पिन के लिए मशहूर गॉल और कोलंबो की पिचों पर भारतीय बल्लेबाजों और कप्तान गिल की रणनीति की कड़ी परीक्षा होगी।
2017 में विराट कोहली की कप्तानी में हुआ था क्लीन स्वीप
भारतीय टीम ने आखिरी बार 2017 में श्रीलंका का टेस्ट दौरा किया था। उस समय विराट कोहली की कप्तानी में टीम इंडिया ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मेजबान टीम को 3-0 से क्लीन स्वीप किया था। उस सीरीज में भारत ने दो मुकाबले पारी के अंतर से जीतकर अपना दबदबा साबित किया था।
नई टीम के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती
2017 की विजेता टीम के अधिकांश खिलाड़ी अब टेस्ट टीम का हिस्सा नहीं हैं। मौजूदा भारतीय टीम में केएल राहुल और कुलदीप यादव जैसे कुछ खिलाड़ी ही उस दौरे का अनुभव रखते हैं। ऐसे में युवा खिलाड़ियों से सजी शुभमन गिल की टीम के सामने इतिहास दोहराने के साथ-साथ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल की दौड़ में अपनी स्थिति मजबूत करने की चुनौती होगी।
श्रीलंका में भारत का रहा है मजबूत रिकॉर्ड
भारत ने 2015 में भी श्रीलंका में 2-1 से टेस्ट सीरीज अपने नाम की थी। पिछले दो टेस्ट दौरों में शानदार प्रदर्शन के बाद टीम इंडिया एक बार फिर उसी सफलता को दोहराने के इरादे से मैदान में उतरेगी। हालांकि इस बार मुकाबला पहले से अधिक चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि दांव सिर्फ सीरीज जीतने का नहीं बल्कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में अहम अंक हासिल करने का भी है।