गौतमबुद्धनगर में ‘दिशा’ बैठक में सांसद महेश शर्मा का बड़ा संदेश, अफसरों को सख्त निर्देश; हर पात्र तक पहुंचे सरकारी योजनाओं का लाभ
गौतमबुद्धनगर: केंद्र और प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति और विकास कार्यों की समीक्षा को लेकर शनिवार को जिला विकास समन्वय एवं अनुश्रवण समिति (दिशा) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सांसद डॉ. महेश शर्मा ने की। इस दौरान विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
हर पात्र लाभार्थी तक पहुंचे योजनाओं का लाभ
बैठक में सांसद ने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य करते हुए पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ योजनाओं का संचालन करने के निर्देश दिए।
आवास, स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि योजनाओं की हुई विस्तृत समीक्षा
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, सामाजिक सहायता योजनाएं, सांसद आदर्श ग्राम योजना, राष्ट्रीय कृषि विकास योजना, ग्रामीण स्वरोजगार योजना, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, शिक्षा का अधिकार अधिनियम, डोर-टू-डोर कूड़ा निस्तारण, वर्षा जल संचयन, पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम और बाल संरक्षण योजनाओं की प्रगति की विभागवार समीक्षा की गई। सांसद ने लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करने और तय समयसीमा के भीतर लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
ग्रामीण क्षेत्रों में जलभराव रोकने के लिए तालाबों की सफाई के निर्देश
सांसद ने वर्षा ऋतु के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति पर चिंता जताते हुए संबंधित अधिकारियों को सभी ग्रामीण तालाबों की समयबद्ध सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे वर्षा जल का बेहतर संचयन होगा, जलभराव की समस्या कम होगी और भूजल स्तर में भी सुधार आएगा।
बाल संरक्षण और आरटीई के पालन पर दिया विशेष जोर
बैठक में बाल संरक्षण व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए सांसद ने निर्देश दिए कि प्रत्येक तीन माह में बाल संप्रेक्षण गृह का नियमित निरीक्षण किया जाए, ताकि बच्चों को सभी आवश्यक सुविधाएं और उनके अधिकार सुनिश्चित किए जा सकें। वहीं शिक्षा का अधिकार अधिनियम की समीक्षा के दौरान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए गए कि पात्र और वंचित वर्ग के सभी बच्चों का निर्धारित मानकों के अनुसार समयबद्ध प्रवेश सुनिश्चित कराया जाए।
अधिकारियों को पारदर्शिता और जनसेवा के साथ काम करने की हिदायत
सांसद ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं शुरू करना नहीं, बल्कि उनका लाभ प्रत्येक पात्र लाभार्थी तक प्रभावी तरीके से पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों को संवेदनशीलता, पारदर्शिता और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। साथ ही जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाकर विकास कार्यों को गति देने पर जोर दिया।
स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं पर भी फोकस
बैठक में स्वास्थ्य विभाग को चिकित्सा सेवाओं को और मजबूत बनाने, शिक्षा विभाग को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने, समाज कल्याण विभाग को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का समयबद्ध लाभ उपलब्ध कराने, कृषि एवं उद्यान विभाग को किसानों तक योजनाओं की पहुंच बढ़ाने तथा पशु चिकित्सा विभाग को पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन के निर्देश दिए गए।
प्रशासन ने समयबद्ध कार्रवाई का दिया भरोसा
बैठक के अंत में जिलाधिकारी मेधा रूपम ने आश्वासन दिया कि सांसद द्वारा दिए गए सभी निर्देशों का प्रभावी और समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन विकास कार्यों में तेजी लाने और प्रत्येक पात्र लाभार्थी तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए पूरी गंभीरता और प्रतिबद्धता के साथ कार्य करता रहेगा।