4 कप के बाद बढ़ सकता है खतरा! ज्यादा कॉफी पीने वालों को डॉक्टरों की चेतावनी, दिल से लेकर हड्डियों तक पर पड़ सकता है असर
नई दिल्ली: सुबह की शुरुआत हो या ऑफिस की थकान, कॉफी आज करोड़ों लोगों की दिनचर्या का अहम हिस्सा बन चुकी है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि सीमित मात्रा में कॉफी फायदेमंद हो सकती है, लेकिन जरूरत से ज्यादा कैफीन का सेवन कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को जन्म दे सकता है। लगातार अधिक कॉफी पीना हृदय, नींद, पाचन तंत्र और हड्डियों पर नकारात्मक असर डाल सकता है।
एक दिन में कितनी कॉफी पीना सुरक्षित?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार एक वयस्क व्यक्ति को प्रतिदिन 400 मिलीग्राम से अधिक कैफीन नहीं लेना चाहिए। सामान्य तौर पर एक कप कॉफी में लगभग 95 मिलीग्राम कैफीन मौजूद होता है। ऐसे में दिनभर में चार कप कॉफी तक का सेवन सुरक्षित माना जाता है। इससे अधिक मात्रा में कैफीन लेने पर शरीर पर दुष्प्रभाव दिखने लग सकते हैं।
बच्चों के लिए कैफीन की मात्रा और भी सीमित रखी गई है। 4 से 6 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए 45 मिलीग्राम तथा 7 से 12 वर्ष के बच्चों के लिए 70 मिलीग्राम कैफीन की सीमा निर्धारित की गई है। किशोरों को भी दो कप से अधिक कॉफी पीने से बचने की सलाह दी जाती है।
शरीर में लंबे समय तक बना रहता है कैफीन का असर
कॉफी पीने के लगभग 15 मिनट बाद कैफीन शरीर में असर दिखाना शुरू कर देता है, लेकिन इसे पूरी तरह खत्म होने में काफी समय लगता है। शरीर को कैफीन की आधी मात्रा खत्म करने में 3 से 5 घंटे लग सकते हैं, जबकि 75 प्रतिशत कैफीन खत्म होने में करीब 6 घंटे का समय लगता है। कई मामलों में 10 घंटे बाद भी कैफीन का असर शरीर में मौजूद रह सकता है।
हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के लिए बढ़ सकता है खतरा
जिन लोगों को उच्च रक्तचाप की समस्या है, उनके लिए अधिक कॉफी नुकसानदायक साबित हो सकती है। कैफीन शरीर को तुरंत सक्रिय करता है, जिससे रक्तचाप तेजी से बढ़ सकता है। इससे पहले से मौजूद हाई बीपी की समस्या और गंभीर हो सकती है।
दिल की धड़कन हो सकती है अनियमित
अधिक मात्रा में कॉफी पीने से हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। शरीर का तापमान और रक्त संचार बढ़ने के कारण दिल को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इसके चलते दिल की धड़कन असामान्य हो सकती है और लंबे समय में हृदय संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।
पाचन तंत्र पर भी पड़ता है असर
कॉफी का अत्यधिक सेवन पेट से जुड़े विकारों को बढ़ावा दे सकता है। ज्यादा कैफीन लेने पर गैस्ट्रिक हार्मोन का स्राव बढ़ जाता है, जिससे गैस, एसिडिटी, पेट में जलन और दस्त जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
नींद उड़ाने का काम करती है ज्यादा कॉफी
अगर किसी व्यक्ति को पहले से ही नींद न आने की समस्या है तो अधिक कॉफी उसकी परेशानी और बढ़ा सकती है। कैफीन मस्तिष्क को सक्रिय बनाए रखता है, जिससे सोने में दिक्कत हो सकती है और अनिद्रा की समस्या गंभीर रूप ले सकती है।
हड्डियों को भी पहुंच सकता है नुकसान
विशेषज्ञों का मानना है कि जरूरत से ज्यादा कॉफी पीने से हड्डियों की मजबूती प्रभावित हो सकती है। लंबे समय तक अत्यधिक कैफीन सेवन से ऑस्टियोपोरोसिस जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है, जिसमें हड्डियां कमजोर होने लगती हैं।
कॉफी पीने का सही समय क्या है?
विशेषज्ञों के मुताबिक सुबह के समय कॉफी पीना सबसे बेहतर माना जाता है, क्योंकि इस दौरान शरीर को ऊर्जा की आवश्यकता होती है। इसके अलावा शाम करीब 4 बजे तक भी कॉफी का सेवन किया जा सकता है। हालांकि रात के समय कॉफी पीने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे नींद प्रभावित हो सकती है। साथ ही बड़े कप में कॉफी लेने के बजाय सामान्य आकार के कप का उपयोग करना बेहतर माना जाता है ताकि कैफीन की मात्रा नियंत्रित रहे।