NEET विवाद के बीच शिक्षा मंत्रालय में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल! उच्च शिक्षा सचिव विनीत जोशी का तबादला, नरेश पाल गंगवार को मिली अहम जिम्मेदारी
नई दिल्ली: NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद और देशभर में जारी छात्र आंदोलन के बीच केंद्र सरकार ने शिक्षा मंत्रालय में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी का तबादला कर उन्हें पंचायती राज मंत्रालय भेज दिया गया है। उनकी जगह नरेश पाल गंगवार को शिक्षा मंत्रालय का नया उच्च शिक्षा सचिव नियुक्त किया गया है।
विनीत जोशी का तबादला, गंगवार संभालेंगे उच्च शिक्षा विभाग
सरकारी आदेश के मुताबिक, नरेश पाल गंगवार अब उच्च शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी संभालेंगे और मंत्रालय से जुड़े सभी महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं नीतिगत कार्यों का दायित्व उनके पास होगा। वहीं, विनीत जोशी को पंचायती राज मंत्रालय में सचिव बनाया गया है।
NEET पेपर लीक विवाद के बीच हुआ फैसला
यह प्रशासनिक फेरबदल ऐसे समय किया गया है, जब NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में छात्रों का विरोध प्रदर्शन जारी है। राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर भी आंदोलन चल रहा है। प्रदर्शनकारी परीक्षा प्रणाली में सुधार, पेपर लीक के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
तबादले को लेकर सरकार ने नहीं बताई कोई वजह
हालांकि, केंद्र सरकार की ओर से जारी आदेश में इस तबादले को सीधे तौर पर NEET पेपर लीक विवाद या छात्र आंदोलन से नहीं जोड़ा गया है। सरकार ने इस प्रशासनिक बदलाव के कारणों को लेकर कोई अलग आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
कई दिनों से जारी है छात्र आंदोलन
राष्ट्रीय राजधानी में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में छात्र कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलन का मुख्य मुद्दा NEET पेपर लीक है। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं।
इस आंदोलन में सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी शामिल रहे। वह करीब 25 दिनों तक अनशन पर रहे। स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद उन्हें पहले दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल और बाद में गुरुग्राम के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
‘संसद चलो’ मार्च के दौरान बढ़ा था तनाव
20 जुलाई को आयोजित ‘संसद चलो’ मार्च के दौरान बड़ी संख्या में छात्र दिल्ली की सड़कों पर उतरे थे। इस दौरान कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर आंसू गैस और लाठीचार्ज का आरोप लगाया, जबकि पुलिस का कहना था कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कार्रवाई की गई।