दिल्ली में 10 लाख लोगों की रैली से बढ़ेगा व्यापार? व्यापारियों की राहुल गांधी से मांग- 20 मिनट मिलिए, नुकसान का पूरा हिसाब समझा देंगे

0 27

नई दिल्ली। कांग्रेस की महारैली से दिल्ली का व्यापार बढ़ने के दावे को व्यापारी संगठनों ने खारिज कर दिया है। व्यापारियों का कहना है कि दीपावली से ठीक पहले रामलीला मैदान में होने वाली रैली से आसपास के बाजारों में कारोबार प्रभावित हो सकता है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से रैली को दीपावली तक टालने की अपील की है। व्यापारियों ने राहुल गांधी से मुलाकात के लिए 20 मिनट का समय मांगा है, ताकि उन्हें रैली से होने वाले संभावित नुकसान की पूरी गणित समझाई जा सके।

20 बड़े थोक बाजारों के व्यापारी राहुल गांधी से करना चाहते हैं मुलाकात

चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (सीटीआई) के चेयरमैन बृजेश गोयल ने राहुल गांधी को खुला पत्र लिखकर मुलाकात का समय मांगा है। पत्र में कहा गया है कि रामलीला मैदान के आसपास स्थित 20 बड़े थोक बाजारों के 20 व्यापारी प्रतिनिधि उनसे केवल 20 मिनट बात करना चाहते हैं।

व्यापारियों ने चुनौती दी है कि यदि राहुल गांधी इस मुलाकात में उन्हें समझा देते हैं कि एक नवंबर को रामलीला मैदान में 10 लाख लोगों के जुटने से दिल्ली का व्यापार और ग्राहकों की संख्या बढ़ेगी, तो सीटीआई अपना विरोध वापस लेकर रैली का स्वागत करेगा।

‘हम लड़ाई नहीं, बातचीत चाहते हैं’

बृजेश गोयल ने अपने पत्र में कहा कि व्यापारी राहुल गांधी से टकराव नहीं, बल्कि बातचीत करना चाहते हैं। उन्होंने राहुल गांधी के उस कथन का भी उल्लेख किया, जिसमें वह सभी की बात सुनने और छोटे व्यापारियों की आवाज उठाने की बात कहते हैं।

व्यापारियों का कहना है कि यदि 20 मिनट की चर्चा में वे यह समझाने में सफल रहे कि रैली से रामलीला मैदान से जुड़े 20 बड़े बाजारों के कारोबार को नुकसान होगा, तो राहुल गांधी को जनहित में रैली दीपावली तक स्थगित करने पर विचार करना चाहिए। उनके मुताबिक, व्यापारियों की बात सुनना लोकतंत्र की खूबसूरती होगी।

कांग्रेस का दावा- रैली से बढ़ेगा दिल्ली का कारोबार

दीपावली से ठीक पहले रैली के कारण भीड़ बढ़ने, जाम लगने और कई सड़कों पर यातायात प्रतिबंध लागू होने की आशंका को लेकर व्यापारी संगठन विरोध कर रहे हैं। व्यापारियों को डर है कि इससे बाजारों में ग्राहकों की आवाजाही प्रभावित हो सकती है।

इस बीच, कांग्रेस की ओर से रैली से व्यापार बढ़ने का दावा किया गया है। दिल्ली कांग्रेस के उपाध्यक्ष मुदित अग्रवाल ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि दिल्ली की जनता और व्यापारी राहुल गांधी की रैली को ऐतिहासिक बनाने के लिए तैयार हैं।

उन्होंने कहा कि रविवार को दिल्ली के सभी थोक बाजारों में साप्ताहिक छुट्टी रहती है। ऐसे में व्यापारी बिना किसी रुकावट के बड़ी संख्या में रैली में शामिल होकर इसका समर्थन कर सकते हैं।

कैट ने भी रैली वापस लेने की मांग की

कंफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने भी इस मामले में रैली वापस लेने की मांग की है। संगठन ने सुप्रीम कोर्ट में मुख्य चुनाव आयोग की ओर से जमा किए गए हलफनामे का हवाला देते हुए अपनी मांग रखी है।

व्यापारी संगठनों की चिंता है कि देश के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में लोगों के दिल्ली पहुंचने से बाजारों और यातायात व्यवस्था पर असर पड़ सकता है। वहीं, कांग्रेस का तर्क है कि 10 लाख लोगों के आने से होटलों, रेस्तरां और स्थानीय बाजारों में खरीदारी बढ़ेगी। पार्टी का कहना है कि इससे दिल्ली के कारोबार को गति मिलने के साथ अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिल सकती है।

 

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Vnation के Facebook पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें...
Leave A Reply

Your email address will not be published.