जबलपुर बरगी डैम हादसे का खुलासा, क्रूज सेलर ने बताई पूरी घटना; तेज हवा और अचानक पानी भरने से पलटी बोट
जबलपुर: मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित बरगी डैम में हुए क्रूज नाव हादसे को लेकर अब सेलर महेश पटेल सामने आए हैं। उन्होंने पूरी घटना का विस्तार से वर्णन करते हुए बताया कि आखिर किन परिस्थितियों में बोट पलटी और हादसा कैसे हुआ।
हल्की हवा में शुरू हुई यात्रा, लौटते वक्त बदला मौसम
क्रूज सेलर महेश पटेल के मुताबिक, जब उन्होंने बोट डैम के किनारे से रवाना की थी तब मौसम सामान्य था और केवल हल्की हवा चल रही थी। लेकिन लौटते समय हवा की रफ्तार अचानक बढ़ गई। स्थिति बिगड़ने पर सभी यात्रियों को लाइफ जैकेट पहनाई गई थी।
तेज हवा में फेल हुआ लंगर डालने का प्रयास
उन्होंने बताया कि हवा की गति बढ़ने के बाद बोट को किनारे लगाने और लंगर डालने की कोशिश की गई, लेकिन तेज हवाओं के कारण यह संभव नहीं हो सका। इसी दौरान स्थिति और बिगड़ती चली गई।
कुछ यात्रियों ने नहीं पहनी थी लाइफ जैकेट
महेश पटेल ने बताया कि सभी यात्रियों को लाइफ जैकेट दी गई थीं, लेकिन कुछ लोग डेक पर नाच रहे थे और उन्होंने सुरक्षा के तौर पर जैकेट नहीं पहनी थी। अचानक पानी भरने लगा और स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई।
50-60 मीटर दूर था किनारा, नहीं बच सकी बोट
सेलर के अनुसार, हादसे के समय बोट किनारे से लगभग 50 से 60 मीटर की दूरी पर थी। उन्होंने पूरी कोशिश की, लेकिन तेज हवा और पानी भरने के कारण बोट को संभालना संभव नहीं हो सका और अंततः नाव पलट गई।
मानसिक आघात में सेलर, नहीं ले पाए भोजन और नींद
महेश पटेल ने भावुक होते हुए कहा कि हादसे के बाद से वह गहरे सदमे में हैं। उन्होंने बताया कि पिछले तीन दिनों से उन्होंने ठीक से भोजन नहीं किया है और घटना के दृश्य बार-बार उनकी आंखों के सामने आ रहे हैं, जिससे उन्हें नींद भी नहीं आ रही।
मौसम की जानकारी नहीं मिली थी
मौसम चेतावनी को लेकर पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि उन्हें किसी तरह की मौसम संबंधी चेतावनी नहीं मिली थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि नाव किसी वस्तु से टकराई नहीं थी, बल्कि तेज हवा और पानी भरने की वजह से हादसा हुआ।
रखरखाव नियमित बताया गया
सेलर ने बताया कि क्रूज बोट का नियमित रखरखाव हर सोमवार को किया जाता है। उन्होंने दोहराया कि अपनी ओर से हर संभव प्रयास किया गया, लेकिन प्राकृतिक परिस्थितियों के आगे स्थिति को नियंत्रित नहीं किया जा सका।