लंदन: न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट में मिली करारी हार के बाद इंग्लैंड क्रिकेट टीम की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। मैच खत्म होने के कुछ ही समय बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने स्लो ओवर रेट के मामले में इंग्लैंड पर सख्त कार्रवाई करते हुए वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) में उसके खाते से 12 अंक काट दिए हैं। इसके साथ ही खिलाड़ियों पर मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना भी लगाया गया है।
ओवल मैदान पर खेले गए दूसरे टेस्ट मुकाबले में न्यूजीलैंड ने इंग्लैंड को 253 रन से हराया था। इस हार का दर्द अभी टीम झेल ही रही थी कि ICC के फैसले ने उसे एक और बड़ा झटका दे दिया।
स्लो ओवर रेट बना सजा की वजह
ICC एलीट पैनल के मैच रेफरी ने पाया कि निर्धारित समय और स्वीकृत छूट को ध्यान में रखने के बाद भी इंग्लैंड की टीम तय लक्ष्य से 12 ओवर पीछे रही। ICC के नियमों के तहत ओवर रेट में कमी को गंभीर उल्लंघन माना जाता है और इसके लिए अंक कटौती के साथ आर्थिक दंड का भी प्रावधान है।
नियमों के अनुसार जितने ओवर कम फेंके जाते हैं, उतनी ही सजा टीम को भुगतनी पड़ती है। इसी आधार पर इंग्लैंड पर अधिकतम 50 प्रतिशत मैच फीस का जुर्माना लगाया गया।
WTC अंक तालिका में बड़ा नुकसान
वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के नियमों के मुताबिक एक ओवर कम रहने पर टीम का एक अंक काटा जाता है। चूंकि इंग्लैंड 12 ओवर पीछे रहा, इसलिए उसके खाते से सीधे 12 अंक घटा दिए गए।
इस कार्रवाई के बाद इंग्लैंड के कुल अंक घटकर 38 रह गए हैं। टीम फिलहाल अंक तालिका में सातवें स्थान पर बनी हुई है, लेकिन उसका अंक प्रतिशत 34.72 से गिरकर 26.38 हो गया है। यह गिरावट आगामी मुकाबलों में टीम की फाइनल की राह को और कठिन बना सकती है।
जो रूट ने स्वीकार की गलती
इंग्लैंड के कार्यवाहक कप्तान जो रूट ने स्लो ओवर रेट के आरोप को स्वीकार कर लिया और ICC द्वारा प्रस्तावित सजा को मान लिया। इसी वजह से मामले में किसी औपचारिक सुनवाई की आवश्यकता नहीं पड़ी।
मैच अधिकारियों ने अपनी रिपोर्ट में ओवर रेट से जुड़ी कमी का उल्लेख किया था, जिसके बाद ICC ने यह कार्रवाई की।
तीसरे टेस्ट से पहले आई राहत की खबर
हालांकि इंग्लैंड के लिए एक सकारात्मक खबर भी सामने आई है। टीम के नियमित कप्तान बेन स्टोक्स तीसरे टेस्ट से पहले टीम में लौट आए हैं। उनके साथ तेज गेंदबाज गस एटकिंसन की भी वापसी हुई है।
दोनों खिलाड़ी हालिया विवाद के कारण पिछले मुकाबले से बाहर थे। जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने उन्हें दोबारा खेलने की अनुमति दे दी है। ऐसे में निर्णायक तीसरे टेस्ट से पहले इंग्लैंड को अपनी टीम संयोजन में मजबूती मिलने की उम्मीद है।