श्रावण शिवरात्रि 2026 से पहले प्रशासन सख्त, कांवड़ यात्रा मार्गों की तैयारियों में लापरवाही पर होगी जवाबदेही तय
गौतमबुद्धनगर: आगामी श्रावण शिवरात्रि और कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित, सुचारु और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में एनआईसी सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कांवड़ यात्रा से जुड़े प्रमुख मार्गों पर चल रहे कार्यों की विभागवार समीक्षा की गई। इस दौरान अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सभी आवश्यक व्यवस्थाएं तय समयसीमा के भीतर हर हाल में पूरी कर ली जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
बैठक में खेरली नहर, जारचा-समाना रोड, एनएचएआई जीटी रोड, लाल कुआं-दादरी मार्ग और समतल चौकी सहित प्रमुख कांवड़ यात्रा मार्गों पर हो रहे कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क के गड्ढों की मरम्मत, झाड़ियों की सफाई, जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान, यातायात प्रबंधन, अतिक्रमण हटाने, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और अन्य मूलभूत सुविधाओं का कार्य यात्रा शुरू होने से पहले पूरा कर लिया जाए।
अनुपालन रिपोर्ट में देरी पर जताई नाराजगी
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने बताया कि पिछली बैठक में सभी विभागों को चिन्हित समस्याओं के समाधान की अनुपालन रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन कुछ विभागों ने अब तक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की है। इस पर उन्होंने अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को निर्देश दिए कि संबंधित तहसीलों के अंतर्गत आने वाले कांवड़ मार्गों पर चिन्हित ब्लैक स्पॉट पर की गई कार्रवाई की अद्यतन जानकारी तत्काल उपलब्ध कराई जाए। साथ ही सभी प्राधिकरण और विभाग अपने-अपने कार्यों की प्रगति से भी प्रशासन को अवगत कराएं।
जारचा-समाना रोड और समतल चौकी के कार्य जल्द पूरे करने के निर्देश
जिलाधिकारी ने जारचा-समाना रोड पर लंबित व्यवस्थाओं को शीघ्र पूरा कराने के निर्देश संबंधित विभाग को दिए। वहीं नोएडा प्राधिकरण के वर्क सर्किल-1 को समतल चौकी ग्रेटर कट पर कराए गए कार्यों की स्थिति से अवगत कराने के लिए कहा गया। लोक निर्माण विभाग को खेरली नहर पुल, दनकौर पर बैरिकेडिंग और साइन बोर्ड लगाने का कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश भी दिए गए।
जलभराव रोकने के लिए डी-वाटरिंग टैंकों की तैनाती
लाल कुआं से दादरी जीटी रोड पर जलभराव की समस्या को लेकर एनएचएआई अधिकारियों ने जानकारी दी कि चिन्हित स्थानों पर चार डी-वाटरिंग टैंक तैनात किए गए हैं। इस पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी डी-वाटरिंग टैंकों के चालकों का विवरण, वाहन नंबर और तैनाती स्थलों की सूची तत्काल उपलब्ध कराई जाए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
संयुक्त निरीक्षण कर दूर होंगी शेष कमियां
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को पुलिस विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर अपने-अपने कार्यक्षेत्र में किए गए कार्यों की अद्यतन सूचना और अनुपालन आख्या उसी दिन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा मार्गों का संयुक्त स्थलीय निरीक्षण कर शेष कमियों को तत्काल दूर किया जाए, जिससे श्रद्धालुओं की यात्रा पूरी तरह सुरक्षित और सुविधाजनक रहे।
लापरवाही पर तय होगी अधिकारियों की जिम्मेदारी
बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी विभाग आपसी समन्वय और संवेदनशीलता के साथ कार्य करें। कांवड़ यात्रा के दौरान व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी की जाएगी। यदि किसी विभाग की ओर से समय पर अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की जाती है या निर्धारित कार्य समयसीमा में पूरे नहीं किए जाते हैं, तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
बैठक में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, प्रभागीय वनाधिकारी, ओएसडी नोएडा, अधिशासी अधिकारी दादरी सहित सिंचाई विभाग, विद्युत विभाग, लोक निर्माण विभाग, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।