पीलीभीत मेडिकल कॉलेज में पैरामेडिकल छात्रा की हत्या, सीटी स्कैन रूम में साथी छात्र ने किया चाकू से हमला
पीलीभीत: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला अस्पताल के सीटी स्कैन कक्ष में पैरामेडिकल की छात्रा की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। आरोप है कि उसी के साथ पढ़ने वाले छात्र ने उस पर ताबड़तोड़ हमला किया। बीच-बचाव करने पहुंची अस्पताल की एक महिला कर्मचारी भी घायल हो गई। अस्पताल कर्मियों ने आरोपी को मौके पर ही पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। प्रारंभिक जांच में घटना की वजह प्रेम प्रसंग से जुड़ा विवाद बताई जा रही है।
सीटी स्कैन रूम में हुआ हमला, इलाज के दौरान छात्रा की मौत
पुलिस के अनुसार कानपुर के अरौल थाना क्षेत्र के मड़ेवा गांव निवासी सागर सिंह पीलीभीत मेडिकल कॉलेज में प्रथम वर्ष का पैरामेडिकल छात्र है। उसके साथ बरेली के केशरपुर निवासी 21 वर्षीय कशिश पटेल भी पढ़ाई कर रही थी।
मंगलवार सुबह जिला अस्पताल के सीटी स्कैन कक्ष में सागर सिंह ने कशिश पर चाकू से कई वार कर दिए। इस दौरान बीच-बचाव करने पहुंची अस्पताल कर्मचारी निधि भी घायल हो गईं। अस्पताल में मौजूद कर्मचारियों और सुरक्षा गार्डों ने आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
गंभीर रूप से घायल कशिश को प्राथमिक उपचार के बाद बरेली के एक निजी अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम में सामने आई मौत की वजह
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार छात्रा के शरीर पर चाकू के कुल पांच घाव मिले। सबसे गंभीर वार गर्दन पर था, जिससे जुगुलर वेन कट गई और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उसकी मौत हो गई। इसके अलावा पीठ, कंधे, गर्दन और जांघ के पास भी चोट के निशान मिले।
पोस्टमार्टम के बाद परिजनों ने छात्रा का अंतिम संस्कार कर दिया।
आरोपी के पास मिला नया धारदार चाकू
पुलिस ने आरोपी छात्र के पास से एक नया धारदार चाकू बरामद किया है। शुरुआती जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि आरोपी हथियार साथ लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचा था। पुलिस इस पहलू की जांच कर रही है कि हमला पूर्व नियोजित था या किसी विवाद के बाद अचानक किया गया।
मृतका के पिता की शिकायत पर आरोपी सागर सिंह के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल, जांच समिति गठित
घटना के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है। प्रधानाचार्य डॉ. संगीता अनेजा ने तीन सदस्यीय उच्च स्तरीय जांच समिति गठित की है। समिति को सुरक्षा में हुई संभावित चूक, निगरानी व्यवस्था और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच कर दो दिन के भीतर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन का कहना है कि रिपोर्ट में जिस स्तर पर भी लापरवाही सामने आएगी, संबंधित एजेंसी या कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस कर रही सभी पहलुओं की जांच
पुलिस के अनुसार आरोपी से पूछताछ जारी है और घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और गवाहों के बयान भी जांच का हिस्सा बनाए गए हैं।