मां को आखिरी कॉल, पत्नी को भेजी लोकेशन, पीठ पर बैग लादे सरयू में कूदे; अयोध्या में SBI मैनेजर की मौत
अयोध्या: उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले में बुधवार को एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई। यहां स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के ब्रांच मैनेजर ने सरयू नदी में छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना कोतवाली अयोध्या क्षेत्र अंतर्गत गोरखपुर-अयोध्या हाइवे पर बने सरयू पुल की है। पुलिस ने देर रात शव को नदी से बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतक की पहचान रामबाबू सोनी (39 वर्ष) के रूप में हुई है। वह गोंडा जिले के मनकापुर क्षेत्र के जवाहर नगर के निवासी थे और वर्तमान में बहराइच जिले में SBI की एक शाखा में ब्रांच मैनेजर के पद पर तैनात थे।
डिप्रेशन में होने की बात
परिजनों और पुलिस के अनुसार रामबाबू सोनी लंबे समय से तनाव और डिप्रेशन में चल रहे थे। हालांकि, आत्महत्या की ठोस वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है। बुधवार दोपहर करीब 12 बजे रामबाबू सोनी गोरखपुर-अयोध्या हाईवे पर सरयू नदी के पुल पर पहुंचे। वहां पहुंचने के बाद उन्होंने सबसे पहले अपने परिवार से फोन पर बात की। आखिरी मिनटों में उन्होंने मां से बातचीत की। इसके बाद उन्होंने मोबाइल से अपनी लास्ट लोकेशन पत्नी को भेजी और फोन स्विच ऑफ कर दिया।
इसके तुरंत बाद बिना पीठ पर लदा बैग उतारे ही उन्होंने सरयू नदी में छलांग लगा दी। दिन का समय होने के कारण पुल पर काफी भीड़ थी। लोगों ने उन्हें नदी में कूदते हुए देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कोतवाली अयोध्या पुलिस मौके पर पहुंची। गोताखोरों की मदद से सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया।
रात 8 बजे मिला शव
लगातार चले खोज अभियान के बाद देर शाम करीब 8 बजे रामबाबू सोनी का शव सरयू नदी से बरामद किया गया। शव के साथ उनका बैग भी मिला, जिसमें मोबाइल फोन, दवाइयां और कुछ कागजात रखे हुए थे। इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर उनकी पहचान की गई। पुलिस ने रात में ही परिजनों को घटना की सूचना दी।
दवा लेने की बात कहकर निकले
कोतवाली अयोध्या के प्रभारी निरीक्षक पंकज सिंह ने बताया कि 31 दिसंबर को रामबाबू सोनी बैंक नहीं गए थे। वह सुबह घर से दवा लेने की बात कहकर अयोध्या बाइपास की ओर निकले थे। दोपहर करीब 12 बजे वह सरयू पुल के पास पहुंचे। वहां उन्होंने अपनी मां शोभा देवी से फोन पर बातचीत की। इसके बाद पत्नी को लोकेशन भेजकर फोन बंद कर दिया।
मृतक के छोटे भाई ओम बाबू ने बताया कि रामबाबू को लंबे समय से सिरदर्द की समस्या थी। वह नियमित दवाएं लेते थे। बुधवार को भी वह इसी वजह से घर से निकले थे। रास्ते में घरवालों से बात हुई, लेकिन उसके बाद फोन बंद हो गया। देर रात पुलिस से फोन आया, तब उन्हें आत्महत्या की जानकारी मिली।

परिवार में मातम
रामबाबू सोनी की शादी वर्ष 2011 में सिद्धार्थनगर जिले के बांसी की रहने वाली ऐश्वर्या लक्ष्मी से हुई थी। उनकी पत्नी गृहिणी हैं। दंपती की दो बेटियां हैं, 13 वर्षीय ओजस्वी और 10 वर्षीय अन्वी। परिजन बताते हैं कि महज 15 दिन पहले ही रामबाबू ने परिवार के साथ अपना जन्मदिन मनाया था। उनके पिता विश्वनाथ सोनी का निधन वर्ष 2001 में हो चुका है।
बहराइच हुआ था तबादला
परिजनों के अनुसार रामबाबू सोनी पहले असम में SBI में फील्ड अफसर के पद पर तैनात थे। बाद में उन्होंने उत्तर प्रदेश में ट्रांसफर कराया। यूपी में पहले बस्ती में आरबीओ (रीजनल बिजनेस ऑफिसर) रहे। करीब 25 दिन पहले ही उनका तबादला बहराइच किया गया था, जहां वह ब्रांच मैनेजर के रूप में कार्यरत थे।
दो एंगल पर पुलिस की जांच
पुलिस के मुताबिक, मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। बैग में दवाइयों का मिलना इस ओर इशारा करता है कि वह किसी बीमारी से परेशान थे। फिलहाल पुलिस दो प्रमुख एंगल पर जांच कर रही है। पुलिस की जांच स्वास्थ्य और मानसिक तनाव का एंगल पर हो रही है। पुलिस को आशंका है कि सिरदर्द की बीमारी या किसी गंभीर मेडिकल जानकारी के चलते वह डिप्रेशन में आ गए हों।
पारिवारिक या व्यक्तिगत विवाद के एंगल पर भी पुलिस जांच कर रही है। हालांकि, अभी तक परिवार में किसी विवाद की बात सामने नहीं आई है, फिर भी हर पहलू की जांच की जा रही है।
पुलिस कर रही जांच
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। उनके मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आत्महत्या से पहले उन्होंने किससे बात की थी। क्या उन्होंने किसी को कोई संदेश भेजा था। फिलहाल पूरा परिवार सदमे में है और कुछ भी कहने की स्थिति में नहीं है।