वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज से मीटिंग के बाद सामने आया ट्रंप का बयान, ईरान को लेकर बोले- “हद पार हो गई”
वाशिंगटन: वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज से मीटिंग के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान सामने आया है। ट्रंप ने कहा, “उन्होंने (वेनेजुएला) हमसे पूछा कि क्या हम 50 मिलियन बैरल तेल ले सकते हैं, और मैंने कहा हां, हम ले सकते हैं, इसकी कीमत $4.2 बिलियन है।” ये जानकारी द व्हाइट हाउस के यूट्यूब चैनल के हवाले से सामने आई है।
गौरतलब है कि ट्रंप ने हालही में कहा था कि वेनेजुएला, अमेरिका को 50 मिलियन बैरल तक तेल देगा। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हालही में घोषणा की थी कि वेनेजुएला 30 से 50 मिलियन बैरल बैन किया हुआ तेल देगा। ट्रंप ने कहा था कि यह तेल, जो वेनेजुएला के एक्सपोर्ट पर वॉशिंगटन के बैन के कारण स्टोरेज में रखा था, उसे मार्केट कीमतों पर बेचा जाएगा और वह इससे होने वाली कमाई को कंट्रोल करेंगे ताकि यह पक्का हो सके कि पैसा वेनेजुएला और अमेरिका के लोगों के फायदे के लिए इस्तेमाल हो।
वेनेजुएला पर प्रेशर बना रहे ट्रंप
हालही में ये खबर सामने आई थी कि ट्रंप वेनेजुएला पर प्रेशर बना रहे हैं कि वह चीन, रूस, ईरान और क्यूबा के साथ आर्थिक संबंध खत्म करे। गौरतलब है कि वेनेजुएला की नई सरकार की अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज हैं। ट्रंप ने कहा था कि वेनेजुएला, चीन-रूस, ईरान और क्यूबा के साथ आर्थिक संबंध खत्म कर दे, तभी उसे ज्यादा तेल निकालने की इजाजत दी जाएगी। एबीसी न्यूज सूत्रों के हवाले से ये जानकारी सामने आई थी कि ट्रंप प्रशासन यह भी चाहता है कि वेनेजुएला तेल उत्पादन के लिए सिर्फ अमेरिका के साथ पार्टनरशिप करे और कच्चा तेल बेचते समय अमेरिका को प्राथमिकता दे।
एबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप प्रशासन ने वेनेजुएला के नए नेतृत्व से कहा है कि उन्हें अपने रिजर्व से ज्यादा तेल निकालने की इजाजत तभी मिलेगी, जब वो अमेरिका की शर्तें मानेंगे। बता दें कि चीन लंबे समय से वेनेजुएला का करीबी है और उसका सबसे बड़ा तेल खरीददार है।

ईरान को लेकर क्या बोले ट्रंप?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की स्थिति पर कहा, “ऐसा लगता है कि (हद पार हो गई है)… कुछ लोग, जिन्हें मारा नहीं जाना चाहिए था, उन्हें मार दिया गया है। अगर आप नेताओं की बात करें, तो मुझे नहीं पता कि वे नेता हैं या सिर्फ हिंसा के ज़रिए राज करते हैं लेकिन हम और सेना इसे बहुत गंभीरता से देख रहे हैं, और हम कुछ बहुत मज़बूत विकल्पों पर विचार कर रहे हैं।” ये जानकारी भी द व्हाइट हाउस के यूट्यूब चैनल के हवाले से सामने आई है।
गौरतलब है कि ईरान में मौजूदा सत्ता के खिलाफ जनता में विद्रोह है और देशव्यापी प्रदर्शन चल रहा है। राजधानी तेहरान से लेकर दूसरे बड़े शहरों में भी प्रदर्शन की चिंगारी दिखाई दे रही है। इस बीच खबर है कि प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई में मरने वालों की संख्या बढ़कर कम से कम 538 हो गई है। अमेरिका की एक मानवाधिकार संस्था के हवाले से ये जानकारी सामने आई है।
अमेरिका स्थित ‘ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी’ के मुताबिक ईरान में चल रहे देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों की वजह से कम से कम 538 लोगों की मौत हुई है और 10,670 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया है।