09 मई की राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर गौतमबुद्धनगर में हाई लेवल समीक्षा, अधिकतम वाद निस्तारण के लिए न्यायिक अधिकारियों को सख्त निर्देश
गौतमबुद्धनगर में आगामी 09 मई 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल और प्रभावी बनाने के लिए न्यायिक स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। इसी क्रम में बुधवार को माननीय जनपद न्यायाधीश की अध्यक्षता में एक अहम समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें अतिरिक्त न्यायालयों के पीठासीन न्यायिक अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की गई।
अधिकतम वाद निस्तारण पर जोर, विशेष फोकस एनआई एक्ट मामलों पर
बैठक के दौरान यह स्पष्ट निर्देश दिए गए कि राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों का निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। खासतौर पर धारा 138 एनआई एक्ट से संबंधित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने पर जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि ऐसे मामलों में पक्षकारों को समय से पूर्व सूचना दी जाए, ताकि सुनवाई के दौरान किसी प्रकार की बाधा न उत्पन्न हो और अधिकतम मामलों का समाधान हो सके।
जनपद न्यायाधीश की अध्यक्षता में हुई महत्वपूर्ण बैठक
इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता माननीय जनपद न्यायाधीश श्री अतुल श्रीवास्तव ने की। उन्होंने सभी न्यायिक अधिकारियों को लोक अदालत की प्रभावशीलता बढ़ाने के लिए समन्वय के साथ कार्य करने और लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए।
कई वरिष्ठ न्यायिक अधिकारी बैठक में रहे मौजूद
बैठक में अपर जिला जज एवं राष्ट्रीय लोक अदालत की नोडल अधिकारी श्रीमती सोमप्रभा मिश्रा, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्रीमती शिवानी रावत, विशेष न्यायालय 138 एनआई एक्ट के न्यायिक अधिकारी श्री सुरेश चन्द्र, अतिरिक्त न्यायालय संख्या-1 की पीठासीन अधिकारी श्रीमती मुनव्वर जहां, अतिरिक्त न्यायालय संख्या-2 के पीठासीन अधिकारी श्री पवन प्रताप सिंह तथा अतिरिक्त न्यायालय संख्या-3 की पीठासीन अधिकारी श्रीमती इंदिरा सिंह उपस्थित रहीं।