लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों में जुटी कांग्रेस ने संगठन में बड़ा फेरबदल करते हुए प्रदेश के सभी छह सहप्रभारियों को बदल दिया है। पार्टी ने पुराने सहप्रभारियों को हटाकर नई टीम का गठन किया है। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम को नई टीम सौंप दी गई है, जो आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति और संगठन विस्तार में अहम भूमिका निभाएगी।
पुरानी टीम की जगह छह नए सहप्रभारी नियुक्त
कांग्रेस ने राष्ट्रीय सचिव अभिषेक दत्त, कुणाल चौधरी, जगदीश चंद्र जांगिड़, संजीव आर्य, वरुण चौधरी और अब्दुल हन्नान को उत्तर प्रदेश का नया सहप्रभारी नियुक्त किया है। पार्टी के अनुसार इन सभी नेताओं को प्रदेश के अलग-अलग जोन की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी, ताकि संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत किया जा सके।
2027 चुनाव को देखते हुए संगठन में बदलाव
कांग्रेस 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर संगठनात्मक ढांचे को नए सिरे से तैयार कर रही है। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले प्रियंका गांधी वाड्रा को उत्तर प्रदेश का प्रभारी बनाया गया था और उनके साथ छह राष्ट्रीय सचिवों की टीम नियुक्त की गई थी। वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले अविनाश पांडे को प्रदेश प्रभारी बनाया गया, लेकिन उस समय भी पुराने सहप्रभारी बरकरार रहे थे। अब पार्टी ने पूरी टीम में बदलाव करते हुए नए चेहरों को जिम्मेदारी सौंपी है।
पुराने सहप्रभारियों को दी गई विदाई
कांग्रेस ने धीरज गुर्जर, नीलांशु चतुर्वेदी, प्रदीप नरवाल, राजेश तिवारी, सत्यनारायण पटेल और तौकीर आलम को सहप्रभारी पद से हटाते हुए संगठन में उनके योगदान के लिए धन्यवाद दिया है।
जल्द घोषित हो सकती है प्रदेश कार्यकारिणी
पार्टी सूत्रों के अनुसार नए सहप्रभारियों की नियुक्ति के बाद अब उत्तर प्रदेश कांग्रेस की नई प्रदेश कार्यकारिणी के गठन की तैयारी भी तेज हो गई है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय को भी अब तक नई संगठनात्मक टीम नहीं मिली है और जल्द ही इस संबंध में घोषणा की जा सकती है।
पूर्व आईपीएस डॉ. बीपी अशोक कांग्रेस में शामिल
इधर, बुलंदशहर के रहने वाले सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी डॉ. बीपी अशोक ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत की है। नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने पार्टी की सदस्यता ली। इस दौरान उत्तर प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा भी मौजूद रहे।
विधानसभा चुनाव लड़ने की संभावना
डॉ. बीपी अशोक ने कहा कि वह कांग्रेस के माध्यम से जनसेवा के लिए कार्य करेंगे। उन्होंने चुनाव लड़ने के सवाल पर कहा कि पार्टी जहां से जिम्मेदारी देगी, वहीं से चुनाव मैदान में उतरेंगे। राजनीतिक सूत्रों के अनुसार उन्हें बुलंदशहर जिले की खुर्जा सुरक्षित विधानसभा सीट से संभावित उम्मीदवार के तौर पर देखा जा रहा है।