गोपेश्वर: चमोली की विष्णुगाड़ जलविद्युत परियोजना में हुए टनल हादसे के बाद मृतक कर्मचारियों के आश्रितों और घायलों के लिए मुआवजे पर सहमति बन गई है। प्रशासन की मध्यस्थता में टीएचडीसी प्रबंधन, हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी इंडिया लिमिटेड और हिन्दुस्तान फेडरेशन यूनियन के बीच हुई वार्ता में मृतकों के परिजनों को 45 लाख रुपये और घायलों को 3.5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने पर सहमति बनी है। समझौते के बाद पिछले एक सप्ताह से चल रहा आंदोलन भी समाप्त हो गया और परियोजना का काम दोबारा शुरू हो गया है।
प्रशासन की मध्यस्थता में हुआ समझौता
उप जिलाधिकारी चमोली राजकुमार पांडे की मध्यस्थता में हुई बैठक में यूनियन की ओर से पहले रखी गई मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई। वार्ता के बाद परियोजना प्रबंधन ने प्रमुख मांगों पर सहमति जताई, जिसके बाद सभी पक्षों के बीच समझौता हो गया। बैठक में श्रमिकों के हितों की सुरक्षा, सुरक्षित कार्य वातावरण उपलब्ध कराने और परियोजना का काम सुचारू रूप से जारी रखने के लिए आपसी सहयोग पर भी सहमति बनी।
मृतक कर्मचारियों के परिवारों को 45 लाख
समझौते के अनुसार हादसे में जान गंवाने वाले श्रमिकों के परिजनों को 45 लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। इसमें अनुग्रह राशि भी शामिल है। इसके अलावा मृतक कर्मचारियों के परिवारों को ईपीएफ का दावा अलग से दिया जाएगा।
घायलों को साढ़े तीन लाख की सहायता
हादसे में घायल हुए कर्मचारियों के लिए भी मुआवजा तय किया गया है। समझौते के तहत प्रत्येक घायल को 3.5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने पर सहमति बनी है। मुआवजे को लेकर श्रमिक संगठन और परियोजना प्रबंधन के बीच पिछले एक सप्ताह से विवाद चल रहा था।
आंदोलन खत्म, परियोजना का काम शुरू
मुआवजे और अन्य मांगों को लेकर चल रहा श्रमिकों का आंदोलन समझौते के बाद समाप्त हो गया। इसके साथ ही विष्णुगाड़ पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना के निर्माण कार्य में बना गतिरोध भी खत्म हो गया और काम फिर से शुरू कर दिया गया है।
बैठक में टीएचडीसी के अधिशासी निदेशक अजय वर्मा, महाप्रबंधक रविन्द्र राणा, अपर महाप्रबंधक शम्भू प्रसाद डोभाल और वरिष्ठ प्रबंधक वीरेन्द्र दत्त भट्ट मौजूद रहे। वहीं हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी इंडिया लिमिटेड की ओर से परियोजना प्रबंधक विनोद कुमार, अधिशासी सिविल विनय कुमार उपाध्याय और वरिष्ठ प्रबंधक गौतम विश्वास शामिल हुए।
13 अगस्त को हुआ था दर्दनाक हादसा
विष्णुगाड़ पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। 13 अगस्त को परियोजना के टेल रेस टनल में भूस्खलन के कारण बड़ा हादसा हुआ था। हादसे में 11 कर्मचारियों की मौत हो गई थी, जबकि 11 लोग घायल हुए थे। इसके बाद उचित मुआवजे समेत अन्य मांगों को लेकर श्रमिकों ने आंदोलन शुरू किया था।