यूपी में बारिश के अलर्ट के बीच 3.8 डिग्री चढ़ा तापमान, उमस से बेहाल हुए लोग; 27 अगस्त तक बरसेंगे बादल
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। पश्चिमी यूपी में शनिवार सुबह बारिश होने से लोगों को गर्मी से राहत मिलने के आसार हैं, जबकि पूर्वी यूपी में बारिश कम होने से उमस भरी गर्मी ने परेशानी बढ़ा दी है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान में 3.8 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। मौसम विभाग ने 27 अगस्त तक गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई है।
पूर्वी यूपी में 3.8 डिग्री बढ़ा पारा
पूर्वी यूपी में 20 अगस्त को अधिकतम तापमान 31.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो 21 अगस्त को बढ़कर 35.2 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। वहीं न्यूनतम तापमान भी मामूली बढ़ा। शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
शुक्रवार सुबह 8:30 बजे उमस का स्तर 91 फीसदी था। सुबह करीब 7:30 बजे तक आसमान में बादल छाए रहे, लेकिन इसके बाद बादल छंटने लगे और धूप तेज होती गई। दोपहर में तेज धूप के साथ उमस ने लोगों को परेशान किया। शाम 5:30 बजे तक उमस बनी रही, हालांकि इसका स्तर घटकर 74 फीसदी पहुंच गया।
मेरठ में सुबह हुई बारिश
पश्चिमी यूपी के मेरठ और आसपास के इलाकों में शनिवार सुबह बारिश हुई। इससे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। इससे पहले शुक्रवार को मेरठ में अधिकतम तापमान 36.3 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। मेरठ का वायु गुणवत्ता सूचकांक 114 रहा।
उमस के चलते घरों और सरकारी कार्यालयों में चार दिन से बंद वातानुकूलित उपकरण भी चलाने पड़े। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक उमस भरी गर्मी से पूरी तरह राहत मिलने की संभावना कम है। कुछ इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है।
मानसून के जल्द विदा होने के संकेत
इस बीच इस साल मानसून के सामान्य समय से पहले विदा होने का अनुमान भी जताया गया है। एक जून से 30 सितंबर तक चलने वाले मानसूनी सीजन की औसत बारिश से अधिक वर्षा महज तीन महीने में हो चुकी है। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी यूपी से मानसून दूसरे सप्ताह तक विदा हो सकता है।
मौसम की मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए अगस्त के बाकी दिनों और सितंबर में छिटपुट बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। फिलहाल बड़े क्षेत्र में भारी और व्यापक बारिश की संभावना कम बताई गई है।
पश्चिमी यूपी में सामान्य से ज्यादा बारिश
मानसून की जल्द विदाई का अनुमान निजी मौसम एजेंसी स्काईमेट वेदर ने भी जताया है। उसके अनुसार अगस्त और सितंबर में बारिश कम रहने के आसार हैं। हालांकि मानसून जल्दी विदा होने के बावजूद यूपी के कई हिस्सों में इस सीजन की कुल बारिश सामान्य से अधिक रह सकती है।
जून से सितंबर के बीच पश्चिमी यूपी में मानसूनी बारिश का औसत 645.3 मिलीमीटर है, जबकि 21 अगस्त तक ही 983.7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है।