Ayodhya Ram Mandir Trust Meeting: आज होगी राम जन्मभूमि न्यास की अहम बैठक, खाली पदों पर नियुक्ति समेत कई बड़े फैसलों पर होगी चर्चा
अयोध्या: श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास की महत्वपूर्ण बैठक बुधवार को आयोजित होगी। बैठक में ट्रस्ट के रिक्त पदों को भरने, नए महासचिव की नियुक्ति, मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) के चयन की प्रक्रिया और मंदिर से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। बैठक को लेकर ट्रस्ट की आगामी कार्ययोजना और प्रशासनिक ढांचे से जुड़े अहम निर्णय लिए जाने की संभावना है।
खाली पदों को भरने पर रहेगा फोकस
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के सदस्य स्वामी परमानंद गिरि ने बताया कि बैठक में न्यासियों के रिक्त पदों को भरने पर चर्चा होगी। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट में खाली पड़े पदों पर नियुक्ति आवश्यक है और इस संबंध में अंतिम निर्णय बैठक के दौरान विचार-विमर्श के बाद लिया जाएगा।
एसआईटी रिपोर्ट का रहेगा इंतजार
राम मंदिर चढ़ावा चोरी के कथित मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट की हालिया टिप्पणियों पर स्वामी परमानंद गिरि ने कहा कि ट्रस्ट पहले उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित मौजूदा विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट का इंतजार करेगा। रिपोर्ट आने के बाद उसकी समीक्षा की जाएगी और उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
उन्होंने नई एसआईटी गठित किए जाने के सुझाव पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि यदि मौजूदा एसआईटी पर भरोसा नहीं किया जाता, तो दूसरी एसआईटी बनाने से भी कोई विशेष अंतर नहीं पड़ेगा।
नए महासचिव और सीईओ के चयन पर भी होगी चर्चा
सूत्रों के अनुसार, बैठक के एजेंडे में नए महासचिव की नियुक्ति, ट्रस्ट के तीन रिक्त ट्रस्टी पदों को भरने तथा राम मंदिर के पहले मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) के चयन की प्रक्रिया को अंतिम रूप देने जैसे महत्वपूर्ण विषय शामिल हैं।
बैठक पहले राम मंदिर परिसर में विशेष सत्र के रूप में आयोजित होगी, जिसके बाद मणिराम छावनी में ट्रस्ट की नियमित बैठक संपन्न होगी।
चंपत राय और अनिल मिश्रा का इस्तीफा हो चुका स्वीकार
स्वामी परमानंद गिरि ने बताया कि पूर्व महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफे को ट्रस्ट ने 6 जुलाई को हुई पिछली बैठक में स्वीकार कर लिया था। वहीं एक अन्य ट्रस्टी दिनेंद्र दास के इस्तीफे की चर्चाओं पर उन्होंने कहा कि उन्हें इसकी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।
चढ़ावा विवाद के बाद खाली हुए पद
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में कथित चढ़ावा चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत एसआईटी रिपोर्ट पर भी चर्चा हो सकती है। पूर्व महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा के इस्तीफे तथा ट्रस्टी बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्रा के निधन के बाद ट्रस्ट में कई महत्वपूर्ण पद रिक्त हो गए हैं।
उल्लेखनीय है कि जून में राम मंदिर के कथित चढ़ावा गबन का मामला सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने एसआईटी का गठन किया था। जांच रिपोर्ट के आधार पर आठ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया गया था।