कोलकाता-शंघाई के बीच सीधी उड़ान शुरू, IndiGo और Air India की नई सेवा से बढ़ेगा कनेक्टिविटी और कारोबार
भारत और चीन के बीच हवाई संपर्क को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम उठाया गया है। सोमवार सुबह से कोलकाता और चीन के प्रमुख शहर शंघाई के बीच सीधी उड़ान सेवा शुरू हो गई। इस नई सेवा का औपचारिक उद्घाटन महावाणिज्य दूत प्रतीक माथुर ने किया, जिससे दोनों देशों के बीच यात्रा और व्यापार को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
दिल्ली के बाद अब कोलकाता भारत का दूसरा बड़ा शहर बन गया है, जहां से शंघाई के लिए सीधे हवाई संपर्क की सुविधा उपलब्ध हो गई है। इस पहल को पूर्वी भारत के लिए रणनीतिक रूप से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
IndiGo और Air India ने बढ़ाई अंतरराष्ट्रीय पहुंच
देश की प्रमुख एयरलाइंस इंडिगो और एयर इंडिया ने इस रूट पर अपनी सेवाएं शुरू कर दी हैं। भारतीय मेट्रो शहरों से शंघाई के लिए उड़ानों की शुरुआत के साथ ही अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी का दायरा और मजबूत हुआ है।
कोलकाता से शंघाई की सीधी उड़ान खासतौर पर उत्तर-पूर्वी राज्यों के लिए फायदेमंद साबित होगी। कोलकाता एक प्रमुख गेटवे के रूप में उभरेगा, जिससे व्यापार, निवेश और पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की संभावना है।
रवींद्रनाथ टैगोर से जुड़ा ऐतिहासिक संबंध
कोलकाता और शंघाई के बीच सांस्कृतिक संबंध भी काफी गहरे रहे हैं। गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर ने 1924 से 1929 के बीच तीन बार शंघाई का दौरा किया था। वहां आज भी उनकी दो मूर्तियां स्थापित हैं, जो इस ऐतिहासिक जुड़ाव की गवाही देती हैं।
गौरतलब है कि यह उड़ान सेवा अप्रैल में होने वाली रवींद्रनाथ टैगोर की जयंती से ठीक पहले शुरू की गई है, जिससे इस पहल को सांस्कृतिक दृष्टि से भी खास महत्व मिल रहा है।
कोविड और तनाव के बाद फिर बहाल हुआ हवाई संपर्क
भारत और चीन के बीच सीधी उड़ान सेवा की शुरुआत पहली बार अक्टूबर 2000 में हुई थी। लेकिन 2020 में कोविड-19 महामारी और इसके बाद सीमा पर बढ़े तनाव के चलते इन सेवाओं को पूरी तरह बंद कर दिया गया था।
करीब 6 साल तक दोनों देशों के बीच कोई सीधी उड़ान नहीं रही, जिसके कारण यात्रियों को कनेक्टिंग फ्लाइट्स का सहारा लेना पड़ता था। अब इस नई सेवा की शुरुआत से यात्रा आसान होने के साथ ही द्विपक्षीय संबंधों में भी नई ऊर्जा आने की उम्मीद जताई जा रही है।