गौतमबुद्धनगर में राजस्व कार्यों की समीक्षा, जिलाधिकारी ने लंबित वादों के त्वरित निस्तारण के दिए सख्त निर्देश
गौतमबुद्धनगर में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में राजस्व विभाग की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजस्व कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए विभिन्न स्तरों पर लंबित मामलों के शीघ्र और प्रभावी निस्तारण पर विशेष जोर दिया गया।
लंबित मामलों को प्राथमिकता पर निपटाने के निर्देश
समीक्षा के दौरान अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि न्यायालयों में लंबित राजस्व वादों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही राजस्व न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या में तेजी से कमी लाने के लिए ठोस कदम उठाने को कहा गया।
नियमित निगरानी और प्रक्रिया में सुधार पर जोर
जिलाधिकारी ने सभी उपजिलाधिकारियों, तहसीलदारों और राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने न्यायालयों में लंबित मामलों की नियमित निगरानी करें और निस्तारण प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाएं। इसके साथ ही पुराने और लंबे समय से लंबित वादों को चिन्हित कर विशेष अभियान चलाकर उनका समाधान करने पर बल दिया गया।

पारदर्शिता और निष्पक्षता से निपटें मामले
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि सभी मामलों का निस्तारण पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ किया जाए। राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली को और मजबूत बनाने के लिए गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
लापरवाही पर तय होगी जिम्मेदारी
जिलाधिकारी ने साफ कहा कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। इससे प्रशासनिक व्यवस्था में जवाबदेही सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
वरिष्ठ अधिकारी बैठक में रहे मौजूद
बैठक में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) मंगलेश दुबे, उप जिलाधिकारी सदर आशुतोष गुप्ता, उप जिलाधिकारी दादरी अनुज नेहरा, उप जिलाधिकारी जेवर दुर्गेश सिंह, डिप्टी कलेक्टर वेद प्रकाश पांडेय सहित अन्य संबंधित राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे।