इन महिलाओं को भी हर महीने 2100 रुपए मिलेंगे, CM ने किया बड़ा ऐलान

0 428

चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने प्रदेश की मातृशक्ति को नए साल में एक बड़ी सौगात दी है। महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए ‘दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना’ के नियमों में बड़े बदलाव किए गए हैं। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में फैसला लिया गया है कि अब इस योजना का लाभ 1.80 लाख रुपये तक की वार्षिक पारिवारिक आय वाले परिवारों की महिलाओं को भी मिलेगा। सरकार के इस फैसले से लाखों नई महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता मिल सकेगी।

योजना के विस्तार के साथ ही सरकार ने लाभार्थियों की नई श्रेणियां भी तय की हैं, जो शिक्षा और स्वास्थ्य के मानकों से जुड़ी हैं। नए नियमों के मुताबिक, सरकारी स्कूलों में 10वीं या 12वीं कक्षा में 80 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले मेधावी छात्रों की माताएं अब इस योजना की हकदार होंगी। इसके अलावा, निपुण (NIPUN) भारत मिशन के तहत कक्षा 1 से 4 तक ग्रेड-स्तरीय योग्यता हासिल करने वाले बच्चों की माताएं और अपने बच्चों को गंभीर या मध्यम कुपोषण से मुक्त कराने वाली माताएं भी लाभार्थी बन सकेंगी। हालांकि, सरकार ने जनसंख्या नियंत्रण को ध्यान में रखते हुए स्पष्ट किया है कि तीन से अधिक बच्चों वाली माताओं को इस योजना का लाभ नहीं दिया जाएगा।

‘विकसित भारत 2047’ के विजन को ध्यान में रखते हुए सरकार ने सहायता राशि के वितरण के तरीके में भी एक बड़ा और दूरदर्शी बदलाव किया है। पात्र महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये मिलेंगे, लेकिन इसका उद्देश्य केवल तात्कालिक खर्च नहीं, बल्कि भविष्य की बचत भी है। योजना के तहत पहले महीने पूरी राशि खाते में आएगी, लेकिन दूसरे महीने से यह दो हिस्सों में बंट जाएगी। इसमें से 1,100 रुपये सीधे महिला के बचत खाते में आएंगे, जबकि बाकी 1,000 रुपये सरकार द्वारा संचालित आरडी (RD) या एफडी (FD) में जमा किए जाएंगे। यह जमा राशि 5 वर्ष की परिपक्वता अवधि पूरी होने पर ब्याज सहित लाभार्थी को मिलेगी।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि ये बदलाव महिलाओं को न केवल आर्थिक रूप से मजबूत बनाएंगे, बल्कि उनमें बचत की आदत भी डालेंगे। गौरतलब है कि यह योजना 2024 विधानसभा चुनाव में भाजपा का प्रमुख वादा थी, जिसे सरकार बनने के बाद 25 सितंबर 2025 को लागू किया गया था। इस योजना के तहत 23 से 60 वर्ष की आयु वाली महिलाओं को लाभ दिया जा रहा है और अब तक प्रदेश में 10 लाख से अधिक महिलाएं इसके लिए अपना पंजीकरण करवा चुकी हैं। सरकार का मानना है कि शिक्षा और पोषण के मानकों को योजना से जोड़ने से सामाजिक सुधार की दिशा में बड़े परिणाम देखने को मिलेंगे।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Vnation के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...
Leave A Reply

Your email address will not be published.