किसान नेता राकेश टिकैत का दावा- आंदोलन में कोई मतभेद नहीं, सरकार फूट डालने की कोशिश कर रही है

0 742

किसान आंदोलन (Farmers Protest) का संचालन कर रहे संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) में आंदोलन को समाप्त करने को लेकर मतभेद की ख़बरों के बीच राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) ने TV9 भारतवर्ष से बातचीत में स्पष्टीकरण दिया है. टिकैत ने आंदोलन में मतभेद की ख़बरों को गलत बताया है और कहा कि ऐसी ख़बरें गलत हैं. टिकैत ने कहा ये आंदोलन सिर्फ पंजाब नहीं पूरे देश का है. आंदोलन में फूट का भ्रम सरकार फैला रही है. उन्होंने आगे कहा कि आंदोलन स्थल पर कोई भी अप्रिय घटना सामने आती है तो इसके लिए पूरी तरह सरकार ही जिम्मेदार होगी. किसान इन पुलिस मुकदमों के साथ घर वापस नहीं जाने वाले.

सूत्रों के मुताबिक पंजाब के कुछ किसान संगठन जोकि बड़ी तादाद में हैं वो कृषि कानूनों की वापसी के बाद अब आंदोलन खत्म कर अपने घरों की ओर लौटना चाहते हैं. किसानों का दूसरा समूह जिसमें विशेषकर राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) के नेतृत्व में पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के किसान MSP खरीद गारंटी पर क़ानून बनाने के लिए केंद्र सरकार से बिना ठोस आश्वासन के आंदोलन खत्म करने के पक्ष में नहीं है. केंद्र सरकार के कृषि कानूनों की वापसी के ऐलान के बाद सोमवार को संसद के शीत कालीन सत्र के पहले दिन आंदोलन खत्म करने के पक्षधर पंजाब की तकरीबन 32 जत्थेबंदियों ने आपातकालीन बैठक बुलाई और आंदोलन ख़त्म करने पर रायशुमारी की. सोमवार को ही प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसका एलान किया जा सकता था लेकिन संयुक्त मोर्चा इसके लिए राजी नहीं हुआ और किसान संगठनों के बीच फूट ना दिखे इसके लिए फैसले को 1 दिसंबर तक के लिए टाल दिया गया, अब कल इस पर फैसला हो सकता है.

 

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Vnation के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...
Leave A Reply

Your email address will not be published.