खोड़ा कॉलोनी में कचरे का अंबार: गंदगी के बीच रहने को मजबूर लोग
खोड़ा कॉलोनी में सफाई व्यवस्था पर उठे सवाल, कूड़े के ढेर और बदहाल सड़कों से परेशान स्थानीय लोग
गाजियाबाद: दिल्ली से सटे गाजियाबाद की खोड़ा कॉलोनी में इन दिनों गंदगी और कचरे की समस्या गंभीर होती जा रही है। कॉलोनी की कई गलियों और खाली जगहों पर कचरे के बड़े-बड़े ढेर लगे हुए हैं, जिससे स्थानीय लोगों का जीना मुश्किल हो गया है। हालात ऐसे हैं कि जहां कभी बच्चों के खेलने की जगह हुआ करती थी, वहां अब कचरे का अंबार दिखाई देता है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इलाके में नियमित रूप से सफाई नहीं होने के कारण कचरा दिनों-दिन बढ़ता जा रहा है। कई जगहों पर कूड़े के ढेर के पास ही पानी के टैंकर खड़े नजर आते हैं, जिससे स्वच्छता को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि गंदगी के कारण आसपास बदबू फैलती रहती है और बीमारियों का खतरा भी लगातार बढ़ रहा है। कॉलोनी के कई हिस्सों में सड़कों की हालत भी बेहद खराब है। टूटी-फूटी सड़कें और जगह-जगह जमा कचरा लोगों की परेशानी को और बढ़ा रहा है। खासतौर पर बारिश के समय हालात और भी बदतर हो जाते हैं, जब कचरे और पानी के कारण रास्तों से गुजरना मुश्किल हो जाता है। स्थिति इतनी खराब है कि आवारा जानवर भी इन कचरे के ढेरों में खाना ढूंढते नजर आते हैं। इससे न सिर्फ गंदगी फैलती है बल्कि आसपास रहने वाले लोगों के लिए स्वास्थ्य संबंधी खतरे भी बढ़ जाते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार प्रशासन से शिकायत की है, लेकिन अभी तक समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। लोगों की मांग है कि इलाके में नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, कचरा उठाने की व्यवस्था बेहतर की जाए और बच्चों के खेलने के लिए साफ और सुरक्षित जगह उपलब्ध कराई जाए। खोड़ा कॉलोनी के हालात यह सवाल खड़ा करते हैं कि आखिर शहरों में स्वच्छता के दावों के बीच ऐसे इलाके कब तक गंदगी के बीच रहने को मजबूर रहेंगे। स्थानीय लोग अब उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासन जल्द इस समस्या पर ध्यान देगा और इलाके को साफ-सुथरा बनाने के लिए ठोस कदम उठाएगा।