दिल्ली पहुंचते ही नीतीश कुमार का बड़ा बयान, बोले—‘20 साल बिहार में काम किया, अब यहां भी जिम्मेदारी निभाएंगे’
बिहार की राजनीति में बड़े बदलाव के संकेतों के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार दिल्ली पहुंच गए हैं। जानकारी के मुताबिक, वह 10 अप्रैल को राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ लेने वाले हैं। इससे पहले उन्होंने एमएलसी पद से इस्तीफा दे दिया था, जिससे यह साफ हो गया कि राज्य में नेतृत्व परिवर्तन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। करीब दो दशक तक बिहार की सत्ता संभालने के बाद अब नीतीश कुमार एक बार फिर केंद्र की राजनीति में सक्रिय होते नजर आ रहे हैं।
दिल्ली पहुंचकर दिया पहला बयान
दिल्ली पहुंचने के बाद नीतीश कुमार अपने आवास पर पहुंचे, जहां उनके साथ संजय झा और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह भी मौजूद थे। इस दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा, “20 साल तक वहां (बिहार) में रहे हैं। अब यहां (दिल्ली) में भी काम करेंगे, इसलिए वापस आ गए हैं।” उनके इस बयान को केंद्र की राजनीति में उनकी नई भूमिका के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
एमएलसी पद से इस्तीफे के बाद तेज हुई अटकलें
हाल ही में नीतीश कुमार के एमएलसी पद से इस्तीफे ने बिहार की सियासत में हलचल बढ़ा दी थी। माना जा रहा है कि उनके राज्यसभा जाने के साथ ही बिहार में नए मुख्यमंत्री का रास्ता साफ होगा। हालांकि, अभी तक नए चेहरे को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
‘नीतीश मॉडल’ पर ही आगे बढ़ेगी सरकार
बिहार में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चाओं के बीच राज्य सरकार के मंत्री विजय चौधरी ने स्पष्ट किया है कि सरकार एनडीए की ही रहेगी और विकास की दिशा वही होगी, जो अब तक अपनाई जाती रही है। उन्होंने कहा कि पिछले 20 वर्षों में राज्य ने जिस विकास मॉडल के तहत प्रगति की है, उसी को आगे भी जारी रखा जाएगा।
विरासत और भविष्य की राजनीति पर फोकस
विजय चौधरी ने यह भी कहा कि राज्य में आगे की राजनीति नीतीश कुमार की सोच और उनके विकास मॉडल के आधार पर ही चलेगी। साथ ही उन्होंने बताया कि निशांत कुमार भी अब पार्टी से जुड़ चुके हैं, जो भविष्य की राजनीति में उनकी सक्रियता के संकेत दे सकता है।