केतन मर्डर केस में नया मोड़! ‘सिया का वकील’ बताने वाले पर भड़का भाई साहिल, धोखे से दस्तखत कराने का लगाया आरोप
पुणे: चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में अब एक नया मोड़ सामने आया है। मामले की आरोपी और केतन की मंगेतर सिया गोयल के भाई साहिल गोयल ने मीडिया के सामने आकर उन दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिनमें एक वकील खुद को सिया का कानूनी प्रतिनिधि बता रहा था। साहिल ने दावा किया है कि संबंधित वकील को उनके परिवार ने नियुक्त ही नहीं किया है।
साहिल गोयल ने आरोप लगाया कि खुद को सिया का वकील बताने वाले आशुतोष श्रीवास्तव को परिवार ने अधिकृत नहीं किया है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी दस्तावेज पर सिया के हस्ताक्षर मौजूद हैं तो संभव है कि वे धोखे से करवाए गए हों।
परिवार ने किसी और वकील को दी है जिम्मेदारी
साहिल के मुताबिक, गोयल परिवार की ओर से मामले की पैरवी के लिए विपुल दुशिंग को नियुक्त किया गया है। उन्होंने बताया कि परिवार ने इस पूरे मामले को लेकर अदालत का दरवाजा भी खटखटाया है और संबंधित वकील के खिलाफ याचिका दायर की गई है।
साहिल ने आरोप लगाया कि परिवार को दबाव में लेने और धमकाने की कोशिश भी की गई है। हालांकि इन आरोपों पर आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
बाली ट्रिप और पासपोर्ट विवाद फिर चर्चा में
साहिल ने यह भी खुलासा किया कि वह केतन और सिया के साथ प्री-वेडिंग फोटोशूट के लिए बाली जाने वाला था। लेकिन एयरपोर्ट पहुंचने से पहले केतन का पासपोर्ट नहीं मिलने के कारण पूरी यात्रा रद्द हो गई थी और सभी को वापस लौटना पड़ा।
जांच एजेंसियां इस घटना को भी मामले की अहम कड़ी मान रही हैं। पुलिस का दावा है कि पासपोर्ट का गायब होना कथित साजिश का हिस्सा हो सकता है। जांच में यह भी आरोप सामने आया है कि पासपोर्ट को छिपाने में सिया की भूमिका हो सकती है।
कैब ड्राइवर के बयान ने बढ़ाई जांच की दिशा
मामले में कैब चालक का बयान भी जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा बना हुआ है। चालक के अनुसार, बाली यात्रा वाले दिन सिया शुरुआत में वाहन में बैठने के लिए तैयार नहीं थी। बाद में वह और साहिल वाहन में सवार हुए और रास्ते भर दोनों के बीच कहासुनी होती रही।
ड्राइवर ने बताया कि आगे चलकर केतन भी वाहन में सवार हुआ। मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर एक फूड प्लाजा पर रुकने के दौरान सिया कुछ देर के लिए अकेले वाहन के पास लौटी थी और उसने वाहन का बूट खुलवाया था। बाद में एयरपोर्ट पहुंचने पर केतन का पासपोर्ट गायब मिला। काफी तलाश के बावजूद वह नहीं मिला और यात्रा रद्द करनी पड़ी।
पासपोर्ट बरामदगी को लेकर हिरासत बढ़ाने की मांग
पुलिस का कहना है कि मामले की गहराई से जांच और कथित तौर पर गायब पासपोर्ट की तलाश के लिए आरोपियों की हिरासत आवश्यक है। इसी आधार पर अदालत में हिरासत बढ़ाने की मांग की गई थी।
जांच एजेंसी का दावा है कि हत्या से पहले कई घटनाएं एक-दूसरे से जुड़ी हुई प्रतीत होती हैं और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
हत्या की साजिश के आरोपों की जांच जारी
पुलिस के अनुसार जांच में यह आरोप सामने आया है कि सिया और सह-आरोपी चेतन ने कथित रूप से पहले से योजना बनाकर वारदात को अंजाम दिया। जांच एजेंसी का आरोप है कि 18 जून को केतन को लोहगढ़ किले के क्षेत्र में ले जाया गया, जहां कथित तौर पर उसे खाई में धक्का दिया गया।
हालांकि मामले की अंतिम सच्चाई अदालत में पेश साक्ष्यों और जांच रिपोर्ट के आधार पर ही तय होगी। फिलहाल पुलिस विभिन्न पहलुओं पर जांच आगे बढ़ा रही है।