दिल्ली विधानसभा और मेट्रो स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी, बजट से पहले मचा हड़कंप; जांच के बाद स्थिति सामान्य

0 35

नई दिल्ली में बजट पेश होने से ठीक पहले सुरक्षा एजेंसियों में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब दिल्ली विधानसभा, विधानसभा मेट्रो स्टेशन और स्पीकर विजेंद्र गुप्ता को बम से उड़ाने की धमकी मिली। यह धमकी ईमेल के जरिए भेजी गई, जिसके बाद तुरंत सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।

जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 7:28 बजे दिल्ली विधानसभा को और 7:49 बजे स्पीकर विजेंद्र गुप्ता को धमकी भरा ईमेल मिला। ईमेल में कई बड़े नेताओं के नाम का भी जिक्र किया गया, जिससे सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गईं।

ईमेल में कई बड़े नेताओं का जिक्र

धमकी भरे ईमेल में उपराज्यपाल तरनजीत संधू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और कैबिनेट मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा का नाम भी शामिल था। इसके बाद सुरक्षाकर्मी तुरंत सक्रिय हुए और विधानसभा परिसर की जांच शुरू की गई।

स्निफर डॉग स्क्वाड ने संभाला मोर्चा

धमकी के बाद दिल्ली विधानसभा में स्निफर डॉग स्क्वाड और बम निरोधक दस्ता मौके पर पहुंचा। स्पीकर के कक्ष समेत पूरे परिसर की गहन तलाशी ली गई। सुरक्षा एजेंसियों ने हर संदिग्ध स्थान की जांच की, ताकि किसी भी संभावित खतरे को टाला जा सके।

सीएम को भी मिला धमकी भरा मेल

सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को भी धमकी से जुड़ा ईमेल प्राप्त हुआ था। हालांकि, सुरक्षा जांच के बाद हालात सामान्य बताए गए।

भाजपा विधायक ने बताया ‘धोखा’

इस पूरे मामले पर भाजपा विधायक अनिल गोयल ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह एक झूठी सूचना थी और सब कुछ सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि विधायक अपनी बैठक के लिए आगे बढ़ रहे हैं।

धमकियों के बीच पेश हुआ बजट

इन धमकियों के बावजूद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विधानसभा में निर्धारित समय पर बजट पेश किया। इस बार दिल्ली का बजट करीब 1 लाख 10 हजार करोड़ रुपये का रहा। यह उनका दूसरा बजट है, जिसमें कई अहम घोषणाएं की गईं।

इंफ्रास्ट्रक्चर से स्वास्थ्य तक बड़े आवंटन

बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए लोक निर्माण विभाग को 5921 करोड़ रुपये, शहरी विकास के लिए 7887 करोड़ रुपये और यमुनापार क्षेत्र के लिए 300 करोड़ रुपये आवंटित किए गए। झुग्गी विकास के लिए 800 करोड़ रुपये और ग्रामीण विकास के लिए 787 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

इसके अलावा डेवलपमेंट विभाग को 914 करोड़ रुपये दिए गए हैं। चंद्रावल वाटर ट्रीटमेंट प्लांट के लिए 475 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है। राजधानी में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नया ड्रेनेज मास्टर प्लान लाया गया है, जिसके तहत 610 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। साथ ही 50 करोड़ रुपये की लागत से फ्लड प्रोटेक्शन वॉल बनाने का भी निर्णय लिया गया है।

स्वास्थ्य क्षेत्र को भी प्राथमिकता देते हुए 12,746 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है।

 

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Vnation के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...
Leave A Reply

Your email address will not be published.