गुरुग्राम: हरियाणा के गुरुग्राम में शुक्रवार शाम दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां 47 वर्षीय एक महिला ने अपने बेटे के सामने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। हादसा इतना भयावह था कि तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आने से महिला का शव बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गया और शरीर के अंग रेलवे ट्रैक पर दूर तक बिखर गए।
यह घटना गढ़ी हरसरू और बसई रेलवे स्टेशन के बीच हुई। मृतका की पहचान सविता के रूप में की गई है। बताया जा रहा है कि घटना के समय महिला अपने 22 वर्षीय बेटे के साथ वहां मौजूद थी। इसी दौरान उसने अचानक दिल्ली से जैसलमेर जा रही स्वर्ण नगरी एक्सप्रेस के सामने छलांग लगा दी।
पति की मौत के बाद तनाव में थी महिला
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि महिला के पति की करीब चार महीने पहले कैंसर के कारण मौत हो गई थी। परिवार के मुताबिक, पति के निधन के बाद से वह गहरे सदमे और मानसिक तनाव में थी।
पुलिस को आशंका है कि अवसाद और मानसिक दबाव के चलते महिला ने यह कदम उठाया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बेटा अपनी मां को बचाने की कोशिश भी नहीं कर पाया और कुछ ही सेकंड में ट्रेन गुजर गई।
घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास मौजूद लोग भी स्तब्ध रह गए।
लोको पायलट ने कंट्रोल रूम को दी सूचना
जानकारी के अनुसार स्वर्ण नगरी एक्सप्रेस गुरुग्राम रेलवे स्टेशन से रेवाड़ी की ओर जा रही थी। इसी दौरान महिला अचानक रेलवे ट्रैक पर पहुंच गई।
ट्रेन के लोको पायलट ने तुरंत रेलवे कंट्रोल रूम को सूचना दी, जिसके बाद राजकीय रेलवे पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने ट्रैक से शव के अवशेष एकत्र कर पोस्टमार्टम के लिए भेजे। शनिवार को डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की।
हर पहलू से जांच कर रही पुलिस
जीआरपी अधिकारियों के मुताबिक शुरुआती जांच आत्महत्या की ओर इशारा कर रही है, लेकिन पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। मृतका के बेटे और अन्य परिजनों से पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के पीछे की पूरी परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।
यदि आप या आपका कोई परिचित मानसिक तनाव या भावनात्मक संकट से गुजर रहा है, तो मदद लेना बेहद जरूरी है। भारत में टेली-मानस हेल्पलाइन 14416 और 1-800-891-4416 पर मानसिक स्वास्थ्य सहायता उपलब्ध है।