रियाद से 7 दिन बाद सीतापुर पहुंचा रवि गोपाल का शव, मिसाइल हमले में गई थी जान; बड़े भाई ने दी मुखाग्नि
सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के महमूदाबाद क्षेत्र के बघाइन गांव निवासी रवि गोपाल का शव बुधवार को सऊदी अरब की राजधानी रियाद से सात दिन बाद लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचा। इसके बाद प्रशासन की निगरानी में एंबुलेंस से शव को उनके पैतृक गांव लाया गया, जहां पहुंचते ही परिवार में मातम छा गया। बड़े भाई मनमोहन ने अंतिम संस्कार कर मुखाग्नि दी।
18 मार्च को मिसाइल हमले में हुई थी मौत
रवि गोपाल की मौत 18 मार्च को रियाद में हुए मिसाइल हमले में हो गई थी। वह वहां एक प्लास्टिक फैक्ट्री में काम करते थे। घटना की जानकारी 19 मार्च को उनके सहकर्मी राम मिलन ने परिवार को दी थी, जिसके बाद परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई थी।
प्रशासन के प्रयास से स्वदेश पहुंचा शव
जिलाधिकारी डॉ. राजा गणपति आर ने सऊदी अरब स्थित भारतीय दूतावास से संपर्क कर शव को भारत लाने की प्रक्रिया शुरू कराई। 23 मार्च को प्रशासन ने जानकारी दी थी कि शव रियाद से लखनऊ लाया जाएगा। 24 मार्च को दूतावास की ओर से परिजनों को बताया गया कि शव रियाद एयरपोर्ट पहुंच चुका है और अगले दिन भारत लाया जाएगा।
अधिकारियों की मौजूदगी में गांव पहुंचा शव
बुधवार सुबह शव लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचा, जहां महमूदाबाद के नायब तहसीलदार राकेश पाल, चंदन तिवारी और उप निरीक्षक मौजूद रहे। इसके बाद शव को एंबुलेंस से बघाइन गांव लाया गया। अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण और रिश्तेदार एकत्र हुए।
परिवार की आर्थिक हालत खराब, मदद की मांग
रवि गोपाल अपने पीछे पत्नी रीतू और चार वर्षीय बेटे आश्रित को छोड़ गए हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर बताई जा रही है। बड़े भाई मनमोहन ने प्रशासन से मांग की है कि रवि की पत्नी को संविदा पर नौकरी दी जाए और परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान की जाए। उनका कहना है कि परिवार के पास केवल करीब दो बीघा जमीन है, जिससे गुजर-बसर संभव नहीं है।
प्रशासन ने मदद का दिया आश्वासन
उपजिलाधिकारी महमूदाबाद बीके सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों को दे दी गई है। उन्होंने कहा कि नियमों के तहत पीड़ित परिवार की हर संभव मदद की जाएगी।