PNB ग्राहकों के लिए अलर्ट: आज से हजारों खाते बंद करने की कार्रवाई, KYC अपडेट नहीं तो फ्रीज हो सकता है अकाउंट
देश के प्रमुख सरकारी बैंकों में शामिल पंजाब नेशनल बैंक ने अपने ग्राहकों के लिए बड़ा कदम उठाया है। बैंक ने स्पष्ट किया है कि नियमों का पालन न करने वाले और लंबे समय से निष्क्रिय पड़े खातों पर अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस फैसले के तहत ऐसे हजारों बैंक खातों को बंद या फ्रीज किया जा सकता है, जिससे संबंधित खाताधारकों को लेनदेन में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
KYC और निष्क्रिय खाते बने कार्रवाई की वजह
बैंक की इस कार्रवाई के पीछे सबसे अहम कारण केवाईसी अपडेट का न होना और खातों का लंबे समय तक निष्क्रिय रहना है। भारतीय रिजर्व बैंक के दिशा-निर्देशों के अनुसार, सभी बैंकों को समय-समय पर अपने ग्राहकों की जानकारी अपडेट करनी होती है। जिन खातों में दो या उससे अधिक समय से कोई लेनदेन नहीं हुआ है या जिनकी केवाईसी जानकारी अधूरी या पुरानी है, उन्हें जोखिम की श्रेणी में रखा गया है।
किन ग्राहकों पर पड़ेगा असर
यह कार्रवाई मुख्य रूप से उन ग्राहकों को प्रभावित करेगी जिन्होंने लंबे समय से अपने खाते का उपयोग नहीं किया है या जरूरी दस्तावेज अपडेट नहीं कराए हैं। ऐसे खाते जिनमें न्यूनतम बैलेंस नहीं है या जो पूरी तरह निष्क्रिय हैं, वे भी बैंक की निगरानी में हैं। पिछले कुछ वर्षों में केवाईसी सत्यापन नहीं कराने वाले खाताधारकों के खाते बंद या फ्रीज किए जा सकते हैं।
खाता फ्रीज होने पर क्या होगी परेशानी
अगर आपका खाता फ्रीज हो जाता है तो उसमें जमा राशि सुरक्षित रहेगी, लेकिन आप उसका उपयोग नहीं कर पाएंगे। एटीएम से पैसे निकालना, ऑनलाइन ट्रांजैक्शन, यूपीआई, चेक बुक और मोबाइल बैंकिंग जैसी सभी सेवाएं तुरंत प्रभाव से बंद हो जाएंगी। यहां तक कि खाते में आने वाली सैलरी या सरकारी योजनाओं की राशि भी आप निकाल नहीं सकेंगे।
कैसे बचाएं अपना बैंक अकाउंट
खाते को बंद या फ्रीज होने से बचाने के लिए ग्राहकों को तुरंत केवाईसी अपडेट कराना चाहिए। इसके लिए नजदीकी बैंक शाखा में जाकर आधार कार्ड, पैन कार्ड और फोटो जमा करनी होगी। इसके अलावा बैंक की वेबसाइट या मोबाइल ऐप के माध्यम से ई-केवाईसी की सुविधा का भी उपयोग किया जा सकता है। यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि आपका मोबाइल नंबर बैंक खाते से जुड़ा हो, ताकि ओटीपी के जरिए सत्यापन पूरा किया जा सके।
ग्राहकों के लिए जरूरी सलाह
बैंकिंग सेवाओं में किसी भी तरह की रुकावट से बचने के लिए समय रहते अपने खाते की स्थिति जांचना और जरूरी अपडेट कराना बेहद जरूरी है। लापरवाही की स्थिति में खाते के बंद होने से वित्तीय कामकाज पर सीधा असर पड़ सकता है।