‘हिम्मत-ए-मरदां, तो…’ जब एवरेस्ट के बेसकैंप तक जा पहुंचा, 6 साल का मासूम ओम

0 421

नई दिल्ली. वो कहते हैं न कि, “हिम्मत-ए-मरदां, तो मदद – ए – खुदा”. ऐसा ही कुछ सिंगापुर में रहने वाला 6 साल का भारतवंशी ओम मदन गर्ग (Om Garg) ने कर दिखाया जब वह एवरेस्ट के बेसकैंप (Everest Base Camp) (5,364 मी.) तक जा पहुंचा। वहीं ओम के साथ उसके इस अदम्य कार्य में उसके साथ उसके पिता मयूर गर्ग और मां गायत्री भी बेसकैंप पहुंचे हैं। जानकारी दें कि, इस 65 किमी का ट्रैक पूरा करने में गर्ग परिवार को 10 दिन लगे। वहीं ओम बेसकैंप तक पहुंचने वाला सिंगापुर का सबसे कम उम्र का पर्वतारोही भी बन गया है।

इस चढ़ाई को पूरा करने वाले सबसे कम उम्र का सिंगापुरी नागरिक होने के नाते ओम ने सिंगापुर बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में भी जगह पाई है। जानकारी दें कि ओम ने अक्टूबर में अपने माता-पिता के साथ 10 दिन की यह यात्रा की थी और 65 किलोमीटर की ट्रेकिंग के बाद 5,364 मीटर की ऊंचाई पर स्थित नेपाल के दक्षिण आधार शिविर पहुंचा।

इससे पहले ओम के माता-पिता उसे वियतनाम, थाइलैंड तथा लाओस की साहसिक यात्राएं में भी ले जा चुके हैं, जब वह सिर्फ ढाई महीने का था।‘द स्ट्रेट टाइम्स’ की बीते सोमवार को जारी खबर के अनुसार ओम, उसके पिता मयूर गर्ग (38) और मां गायत्री महेंद्रम (39) ने 28 सितंबर को 10 दिन की ट्रेकिंग शुरू की थी। उनके साथ एक गाइड और दो पोर्टर (कुली) भी थे. किंडरगार्टन 2 का यह साहसी छात्र ओम कहता है, “मैं तो पूरी दुनिया देखना चाहता हूं।” वहीं उनके पिता मयूर इंडोनेशिया, रूस और तंजानिया में पर्वतारोहण कर चुके हैं और नवंबर 2021 में उन्होंने एवरेस्ट बेस कैंप की यात्रा भी की थी।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया Vnation के Facebook पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें...
Leave A Reply

Your email address will not be published.