नई दिल्ली: दिनभर की भागदौड़ के बाद अगर एक कप कड़क चाय मिल जाए तो थकान पल भर में दूर हो जाती है। यही वजह है कि ज्यादातर लोग हल्की नहीं बल्कि गाढ़ी और कड़क चाय पीना पसंद करते हैं। सड़क किनारे ठेलों, टपरी और ढाबों पर मिलने वाली चाय का स्वाद अलग ही होता है। अब आप वही स्वाद घर पर भी आसानी से पा सकते हैं, बस सही मात्रा और तरीका जानना जरूरी है।
कड़क चाय बनाने के लिए सही मात्रा और तरीका
अगर आप 2 कप कड़क चाय बनाना चाहते हैं, तो सबसे पहले एक पैन में करीब डेढ़ कप पानी उबालने के लिए रखें। पानी में उबाल आते ही उसमें 2 चम्मच चाय पत्ती डालें। इसके बाद स्वाद बढ़ाने के लिए करीब 1 इंच कुटी या कद्दूकस की हुई अदरक या थोड़ा सा चाय मसाला डाल सकते हैं।
अब इस मिश्रण को 2 से 3 उबाल आने तक पकने दें, ताकि चाय का रंग और स्वाद दोनों अच्छी तरह निकल आए। इसके बाद इसमें 1 कप दूध डालें और एक उबाल आने दें। फिर आंच धीमी कर दें और चाय को 2 से 3 मिनट तक पकाएं, जिससे इसका स्वाद और गाढ़ापन बढ़े।
अब इसमें करीब डेढ़ चम्मच चीनी डालें और 2 उबाल और आने दें। इसके बाद चाय को छानकर गर्मागर्म परोसें। इस तरीके से तैयार चाय स्वाद में बिल्कुल कड़क और संतुलित होती है।
ढाबे जैसी चाय का तरीका थोड़ा अलग
ढाबों पर चाय बनाने का तरीका थोड़ा अलग होता है, जिससे उसका स्वाद और गाढ़ापन बढ़ जाता है। वहां पहले से ही दूध और पानी को मिलाकर उबाल लिया जाता है। फिर जरूरत के हिसाब से उसी मिश्रण को लिया जाता है।
इसके बाद उसमें चाय पत्ती और चीनी डालकर तेज आंच पर उबाला जाता है। जब चाय उबलने लगती है, तब उसमें अदरक या मसाला मिलाया जाता है। चाय को तेज आंच पर 3 से 4 बार उबालने के बाद तुरंत उतार लिया जाता है, जिससे उसका स्वाद ज्यादा कड़क और गाढ़ा हो जाता है।
बेहतर स्वाद के लिए रखें इन बातों का ध्यान
कड़क चाय बनाते समय उबाल की संख्या और समय का खास ध्यान रखें, क्योंकि ज्यादा देर तक उबालने से चाय कड़वी हो सकती है। दूध और पानी का संतुलन सही होना चाहिए और ताजी अदरक व अच्छी गुणवत्ता की चाय पत्ती का इस्तेमाल स्वाद को और बेहतर बनाता है।