ट्रंप की मध्यस्थता से रूस-यूक्रेन युद्ध में बड़ी राहत, पुतिन और जेलेंस्की 72 घंटे के सीजफायर पर सहमत, 2000 कैदियों की होगी अदला-बदली
नई दिल्ली: रूस और यूक्रेन के बीच जारी भीषण युद्ध के बीच दुनिया को राहत देने वाली बड़ी खबर सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पहल के बाद दोनों देशों ने 9, 10 और 11 मई तक तीन दिनों के अस्थायी युद्धविराम पर सहमति जताई है। इस दौरान सीमा पर सैन्य गतिविधियों को पूरी तरह रोक दिया जाएगा। साथ ही दोनों देशों के बीच 2000 युद्धबंदियों की अदला-बदली भी होगी।
ट्रंप ने सोशल मीडिया पर किया बड़ा दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर इस अस्थायी युद्धविराम की जानकारी साझा की। ट्रंप ने दावा किया कि यह सीजफायर उनके सीधे हस्तक्षेप और अनुरोध के बाद संभव हो पाया है। उन्होंने कहा कि रूस और यूक्रेन दोनों ने शांति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
ट्रंप ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि दोनों नेताओं ने हालात की गंभीरता को समझते हुए संघर्ष रोकने का फैसला लिया है।
9 मई के ‘विजय दिवस’ से जुड़ा है फैसला
ट्रंप ने अपनी पोस्ट में कहा कि यह युद्धविराम खास मायने रखता है क्योंकि 9 मई को रूस में ‘विजय दिवस’ मनाया जाता है। दूसरे विश्व युद्ध में मिली जीत की याद में आयोजित होने वाला यह दिन रूस के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। ट्रंप ने यह भी कहा कि उस ऐतिहासिक जीत में यूक्रेन की भी अहम भूमिका रही थी, इसलिए यह फैसला दोनों देशों के लिए सम्मानजनक माना जा रहा है।
2000 कैदियों की होगी रिहाई
युद्धविराम के साथ-साथ रूस और यूक्रेन ने एक-दूसरे के 1000-1000 युद्धबंदियों को रिहा करने पर भी सहमति जताई है। यानी कुल 2000 कैदियों की अदला-बदली की जाएगी। इसे युद्ध के बीच सबसे बड़े मानवीय कदमों में से एक माना जा रहा है।
क्रेमलिन और जेलेंस्की ने भी दी मंजूरी
रूस की ओर से क्रेमलिन ने साफ कर दिया है कि वह ट्रंप के प्रस्ताव के अनुसार युद्धविराम और कैदियों की अदला-बदली के लिए तैयार है। वहीं यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने भी पुष्टि की है कि युद्धबंदियों की रिहाई की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी।