जिला कारागार गौतमबुद्धनगर का निरीक्षण, बंदियों को मिल रही विधिक सहायता, चिकित्सा और भोजन व्यवस्था का लिया गया विस्तृत जायजा
गौतमबुद्धनगर: उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ तथा माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गौतमबुद्धनगर के निर्देशों के अनुपालन में सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण गौतमबुद्धनगर शिवानी रावत ने बुधवार को जिला कारागार का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जेल में निरुद्ध बंदियों की स्थिति, उन्हें मिल रही सुविधाओं और व्यवस्थाओं का गहनता से मूल्यांकन किया।
बंदियों से सीधा संवाद, मुकदमों की स्थिति की ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान जेलर संजय साही ने जानकारी दी कि वर्तमान में जिला कारागार में कुल 2514 बंदी निरुद्ध हैं। सचिव ने पुरुष बैरकों में जाकर बंदियों से सीधे संवाद किया और उनके मुकदमों से संबंधित जानकारी प्राप्त की। इस दौरान बंदियों के रिकॉर्ड कार्ड का भी अवलोकन किया गया। साथ ही यह सुनिश्चित किया गया कि सभी बंदियों को विधिक सहायता उपलब्ध हो रही है या नहीं। पूछताछ में बंदियों ने बताया कि उन्हें निजी या जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से अधिवक्ता उपलब्ध कराए गए हैं। सचिव ने जेल प्रशासन को निर्देश दिए कि बंदियों से संबंधित सभी रिकॉर्ड कार्ड नियमित रूप से अपडेट किए जाएं।

जेल अस्पताल का निरीक्षण, चिकित्सा सुविधाओं का लिया फीडबैक
इसके बाद सचिव ने कारागार में संचालित अस्पताल का निरीक्षण किया। अस्पताल के जनरल वार्ड में भर्ती बंदियों से बातचीत कर उनके इलाज, स्वास्थ्य स्थिति और उपलब्ध कराई जा रही चिकित्सा सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। बंदियों से उनके मामलों की स्थिति के बारे में भी जानकारी प्राप्त की गई, ताकि विधिक सहायता और चिकित्सा व्यवस्था के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जा सके।
पाकशाला में भोजन गुणवत्ता की जांच, स्वच्छता के दिए निर्देश
निरीक्षण के क्रम में जेल की पाकशाला का भी जायजा लिया गया। यहां बंदी अन्य बंदियों के लिए रोटी और दाल बनाते हुए पाए गए। सचिव ने भोजन की गुणवत्ता का परीक्षण किया और साफ-सफाई की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया। इस दौरान जेल प्रशासन को निर्देशित किया गया कि पाकशाला में स्वच्छता के मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि बंदियों को स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध हो सके।
निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक ब्रजेश कुमार और जेलर संजय साही मौजूद रहे।